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चालक की सूझबूझ से दुर्घटना से बची गुवाहटी बीकानेर एक्सप्रेस
Updated Mon, 15 Jan 2018 10:41 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
इटावा। रविवार रात करीब 2:50 बजे अप लाइन से गुजर रही 15632 अप गुवाहाटी-बीकानेर एक्सप्रेस इटावा में ट्रेन चालक की सूझबूझ से दुर्घटनाग्रस्त होने से बची। गाड़ी सिगनल रेड होने के दौरान ट्रैक पर खड़ी थी। इंजन की रोशनी में चालक अरविंद कुमार ने ट्रैक पर पड़े लोहे की चादर के टुकड़े को देख लिया। इसके बाद लोहे के टुकड़े को वहां से हटाकर टूंडला कंट्रोल को पूरे मामले से अवगत कराया। गाड़ी इस टुकड़े से होकर गुजरती तो हादसा हो सकता था।
गुवाहाटी बीकानेर एक्सप्रेस सिगनल का रेड होने पर रात को इटावा स्टेशन के होम सिगनल पर खड़ी हुई। चालक अरविंद कुमार को इंजन की रोशनी में रेलवे ट्रैक पर कोई वस्तु पड़ी दिखाई दी। उसने गाड़ी से उतरकर जाकर देखा तो वह लोहे की चादर का टुकड़ा था। टूंडला कंट्रोल से मामले की जानकारी इटावा रेलवे स्टेशन को मिली। जिससे यहां हड़कंप मच गया।
आरपीएफ के एसआई टीएस चाहर, एनपी शर्मा, श्यमा सिंह, आरडी यादव एवं फफूंद आरपीएफ के राजकुमार रात में ही घटना स्थल पर पहुंचे। आसपास के क्षेत्र की सघन तलाशी ली गई। परंतु वहां कुछ नहीं मिला। ट्रैक की निगरानी कर रहे गैंग मैन जितेंद्र कुमार, रमेश एवं अवर अभियंता जगदीश भी मौके पर पहुंचे। सभी ने ट्रैक पर कुछ भी पड़े होने से इनकार किया। उन्होंने बताया कि ट्रैक से कुछ मिनट पहले ही नार्थ ईस्ट एक्सप्रेस गुजरी है।
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आरपीएफ एसआई टीएस चाहर ने बताया कि चालक ने इटावा में कोई लोहे की वस्तु जमा नहीं की है। जांच के दौरान भी कुछ नहीं मिला है। फिर भी पूरे मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है। रेलवे के यातायात निरीक्षक धारा सिंह ने बताया कि ट्रेन के चालक को पटरी पर स्टीम की फ्रेम नुमा कोई वस्तु मिली थी। जैसे कोई वस्तु कहीं से टूटकर गिरी हो। चालक ने उसे टूंडला कंट्रोल के पास जमा करा दिया है। जाल की चौड़ाई करीब तीन चार फुट की रही होगी। वह भी पटरी के किनारे पड़ी थी। पटरी पर कोई ठोस वस्तु नहीं पाई गई है।
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इटावा। रविवार रात करीब 2:50 बजे अप लाइन से गुजर रही 15632 अप गुवाहाटी-बीकानेर एक्सप्रेस इटावा में ट्रेन चालक की सूझबूझ से दुर्घटनाग्रस्त होने से बची। गाड़ी सिगनल रेड होने के दौरान ट्रैक पर खड़ी थी। इंजन की रोशनी में चालक अरविंद कुमार ने ट्रैक पर पड़े लोहे की चादर के टुकड़े को देख लिया। इसके बाद लोहे के टुकड़े को वहां से हटाकर टूंडला कंट्रोल को पूरे मामले से अवगत कराया। गाड़ी इस टुकड़े से होकर गुजरती तो हादसा हो सकता था।
गुवाहाटी बीकानेर एक्सप्रेस सिगनल का रेड होने पर रात को इटावा स्टेशन के होम सिगनल पर खड़ी हुई। चालक अरविंद कुमार को इंजन की रोशनी में रेलवे ट्रैक पर कोई वस्तु पड़ी दिखाई दी। उसने गाड़ी से उतरकर जाकर देखा तो वह लोहे की चादर का टुकड़ा था। टूंडला कंट्रोल से मामले की जानकारी इटावा रेलवे स्टेशन को मिली। जिससे यहां हड़कंप मच गया।
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आरपीएफ के एसआई टीएस चाहर, एनपी शर्मा, श्यमा सिंह, आरडी यादव एवं फफूंद आरपीएफ के राजकुमार रात में ही घटना स्थल पर पहुंचे। आसपास के क्षेत्र की सघन तलाशी ली गई। परंतु वहां कुछ नहीं मिला। ट्रैक की निगरानी कर रहे गैंग मैन जितेंद्र कुमार, रमेश एवं अवर अभियंता जगदीश भी मौके पर पहुंचे। सभी ने ट्रैक पर कुछ भी पड़े होने से इनकार किया। उन्होंने बताया कि ट्रैक से कुछ मिनट पहले ही नार्थ ईस्ट एक्सप्रेस गुजरी है।
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आरपीएफ एसआई टीएस चाहर ने बताया कि चालक ने इटावा में कोई लोहे की वस्तु जमा नहीं की है। जांच के दौरान भी कुछ नहीं मिला है। फिर भी पूरे मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है। रेलवे के यातायात निरीक्षक धारा सिंह ने बताया कि ट्रेन के चालक को पटरी पर स्टीम की फ्रेम नुमा कोई वस्तु मिली थी। जैसे कोई वस्तु कहीं से टूटकर गिरी हो। चालक ने उसे टूंडला कंट्रोल के पास जमा करा दिया है। जाल की चौड़ाई करीब तीन चार फुट की रही होगी। वह भी पटरी के किनारे पड़ी थी। पटरी पर कोई ठोस वस्तु नहीं पाई गई है।