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Etah News: फर्जी बैनामे में तीन महिलाओं को जेल
Thu, 17 Sep 2026 11:38 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Thu, 17 Sep 2026 11:38 PM IST
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अलीगंज। पुलिस ने जमीन हड़पने के उद्देश्य से कथित फर्जी बैनामा तैयार कराने के मामले का खुलासा करते हुए तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया है। असली खातेदार महिलाओं की जगह दूसरी महिलाओं को खड़ा कर उनके फोटो बैनामे में चस्पा किए गए थे।
जांच के दौरान पुलिस ने फर्जी बैनामे में इस्तेमाल की गई महिलाओं की पहचान कंचन और विनीता के रूप में की। मामले में मीना देवी की भूमिका भी सामने आने के बाद पुलिस ने कंचन, विनीता और मीना को गिरफ्तार किया है, कार्रवाई के बाद उन्हें जेल भेज दिया है। सराय अगहत निवासी सतेंद्र कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्होंने अपने भाइयों धर्मेंद्र कुमार, ज्ञान सिंह और अरविंद कुमार तथा भाभियों सीमा और ललित कुमारी के साथ मिलकर मौजा मुहम्मदपुर पट्टी, परगना आजमनगर में गाटा संख्या 30 की 0.304 हेक्टेयर कृषि भूमि का 2/3 हिस्सा दो मार्च 2020 को चार लाख रुपये में खरीदा था।
अलीगंज तहसील में बैनामा होने के बाद जमीन का दाखिल-खारिज भी हो गया था और परिवार लगातार जमीन पर खेती करता चला आ रहा था।
आरोप है कि 31 जनवरी 2024 को इसी जमीन को हथियाने के लिए जालसाजी का ताना-बाना बुना गया। फर्जी बैनामे में सतेंद्र की भाभियों सीमा और ललित कुमारी की जगह दूसरी महिलाओं को खड़ा किया गया और उनके फोटो बैनामे में चस्पा कर दिए गए। दस्तावेजों में दर्ज आधार नंबरों को लेकर भी शिकायतकर्ता ने गंभीर सवाल उठाए थे।
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मामले की जांच आगे बढ़ने पर फर्जी महिलाओं की पहचान कंचन और विनीता के रूप में हुई। पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। जांच में मीना देवी की भूमिका भी सामने आने के बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद तीनों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस अब कथित बैनामे में लगाए गए फोटो, आधार नंबर, हस्ताक्षर, गवाहों की भूमिका और तहसील में दाखिल दस्तावेजों की पड़ताल कर रही है।
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जांच के दौरान पुलिस ने फर्जी बैनामे में इस्तेमाल की गई महिलाओं की पहचान कंचन और विनीता के रूप में की। मामले में मीना देवी की भूमिका भी सामने आने के बाद पुलिस ने कंचन, विनीता और मीना को गिरफ्तार किया है, कार्रवाई के बाद उन्हें जेल भेज दिया है। सराय अगहत निवासी सतेंद्र कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उन्होंने अपने भाइयों धर्मेंद्र कुमार, ज्ञान सिंह और अरविंद कुमार तथा भाभियों सीमा और ललित कुमारी के साथ मिलकर मौजा मुहम्मदपुर पट्टी, परगना आजमनगर में गाटा संख्या 30 की 0.304 हेक्टेयर कृषि भूमि का 2/3 हिस्सा दो मार्च 2020 को चार लाख रुपये में खरीदा था।
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अलीगंज तहसील में बैनामा होने के बाद जमीन का दाखिल-खारिज भी हो गया था और परिवार लगातार जमीन पर खेती करता चला आ रहा था।
आरोप है कि 31 जनवरी 2024 को इसी जमीन को हथियाने के लिए जालसाजी का ताना-बाना बुना गया। फर्जी बैनामे में सतेंद्र की भाभियों सीमा और ललित कुमारी की जगह दूसरी महिलाओं को खड़ा किया गया और उनके फोटो बैनामे में चस्पा कर दिए गए। दस्तावेजों में दर्ज आधार नंबरों को लेकर भी शिकायतकर्ता ने गंभीर सवाल उठाए थे।
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मामले की जांच आगे बढ़ने पर फर्जी महिलाओं की पहचान कंचन और विनीता के रूप में हुई। पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। जांच में मीना देवी की भूमिका भी सामने आने के बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद तीनों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस अब कथित बैनामे में लगाए गए फोटो, आधार नंबर, हस्ताक्षर, गवाहों की भूमिका और तहसील में दाखिल दस्तावेजों की पड़ताल कर रही है।