{"_id":"642db0f6aba5ff240b03c7a9","slug":"the-then-sdm-and-employees-trapped-in-the-wrong-order-of-the-land-etah-news-c-25-1-115025-2023-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etah News: जमीन के गलत आदेश में फंसे तत्कालीन एसडीएम व कर्मचारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etah News: जमीन के गलत आदेश में फंसे तत्कालीन एसडीएम व कर्मचारी
Wed, 05 Apr 2023 11:03 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Wed, 05 Apr 2023 11:03 PM IST
विज्ञापन
एटा। सदर तहसील क्षेत्र में एक जमीन को लेकर करीब छह साल पहले गलत आदेश कर दिया गया। बाद में इसमें पीड़ित को जान से मारने की धमकी भी दी गई। इसमें पीड़ित ने सीजेएम कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया। न्यायालय ने तत्कालीन एसडीएम व कर्मचारियों सहित किसान नेता राजू आर्या पर परिवाद दर्ज कर सभी को अदालत में तलब किया है। तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत बरई के नगला बूला निवासी रनवीर सिंह ने सीजेएम कोर्ट में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। बताया कि उन्होंने गांव में अचल सिंह और हाकिम सिंह से दो बीघा जमीन खरीदकर बैनामा कराया। बैनामा के बाद अपने हिस्से वाली जमीन का बंटवारा भी करा लिया, लेकिन इसी दौरान गांव के रामकुमार और उनके पुत्र रंजीत कुमार उर्फ राजू आर्या (भाकियू भानु के राष्ट्रीय संगठन मंत्री) का नाम तत्कालीन कानूनगो मुन्नालाल, तत्कालीन रजिस्ट्रार कानूनगो वीरेंद्र सिंह ने फर्जी तरीके से खतौनी में दर्ज कर दिया।
तत्कालीन एसडीएम संजीव कुमार ने इस पर 27 सितंबर 2017 में जमीन का नक्शा तरमीम करने का आदेश कर दिया। आरोप लगाया है कि किसान नेता राजू आर्या से मोटी रकम लेकर फर्जी ढंग से यह आदेेश किया गया। बाद में तहसीलदार, डीएम, एसएसपी आदि अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए। कहीं भी सुनवाई न होने पर अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। वहीं नक्शा दुरुस्ती का दावा एसडीएम न्यायालय में दायर किया जो लंबित है।
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अनिल कुमार सप्तम ने कुमार वर्मा ने रामकुमार, रंजीत कुमार सहित तत्कालीन एसडीएम, कानूनगो, रजिस्ट्रार कानूनगो के विरुद्ध फर्जीवाड़े का अपराध प्रथम दृष्टया पाया है। विचारण के लिए सभी को पैरवी करने और अदालत में तलब होने का आदेश दिया है। सुनवाई के लिए अगली तारीख 25 अप्रैल लगाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
तत्कालीन एसडीएम संजीव कुमार ने इस पर 27 सितंबर 2017 में जमीन का नक्शा तरमीम करने का आदेश कर दिया। आरोप लगाया है कि किसान नेता राजू आर्या से मोटी रकम लेकर फर्जी ढंग से यह आदेेश किया गया। बाद में तहसीलदार, डीएम, एसएसपी आदि अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए। कहीं भी सुनवाई न होने पर अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। वहीं नक्शा दुरुस्ती का दावा एसडीएम न्यायालय में दायर किया जो लंबित है।
विज्ञापन
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अनिल कुमार सप्तम ने कुमार वर्मा ने रामकुमार, रंजीत कुमार सहित तत्कालीन एसडीएम, कानूनगो, रजिस्ट्रार कानूनगो के विरुद्ध फर्जीवाड़े का अपराध प्रथम दृष्टया पाया है। विचारण के लिए सभी को पैरवी करने और अदालत में तलब होने का आदेश दिया है। सुनवाई के लिए अगली तारीख 25 अप्रैल लगाई है।
विज्ञापन