{"_id":"620bedc8eb8fdb4d7141acec","slug":"swachh-survekshan-how-to-improve-ranking-if-toilets-are-closed-etah-news-agr524359018","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वच्छ सर्वेक्षण : शौचालय ही बंद तो कैसे सुधरे रैंकिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वच्छ सर्वेक्षण : शौचालय ही बंद तो कैसे सुधरे रैंकिंग
विज्ञापन
ट्रांसपोर्ट नगर स्थित शौचालय में पड़ा ताला ।संवाद
- फोटो : ETAH
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एटा। स्वच्छ सर्वेक्षण 2022 को लेकर प्रदेश स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। 1 मार्च से यह सर्वे कराया जाएगा। इसके लिए निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। लेकिन स्थानीय स्तर पर नगर पालिका अनजान बनी हुई है। जागरूकता के लिए वॉल पेंटिंग तो दूर, शहर में बने सामुदायिक शौचालय के ताले तक नहीं खुलवाए हैं और कूड़ेदान शोपीस बने हुए हैं।
स्वच्छ सर्वेक्षण में 28 मार्च तक जिले की सभी नगर पालिका व नगर पंचायत क्षेत्रों की साफ-सफाई को देखा जाएगा। क्वालिटी काउंसिल ऑफ इंडिया (क्यूसीआई) की टीम द्वारा सर्वेक्षण किया जाएगा। स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में पालिका की रैंकिंग 264वीं रही थी। इसके बावजूद पालिका इसमें सुधार लाने की कोशिश नहीं कर रही है।
क्षेत्राधिकारी नगर कार्यालय के पास नगर पालिका द्वारा बनाए गए पिंक शौचालय में कई दिनों से ताला पड़ा हुआ है। शौचालय के नजदीक ही बाबूगंज और गांधी मार्केट है जहां पर महिलाएं व युवतियां खरीदारी के लिए आती हैं। शौचालय के ऊपर से वॉल पेंटिंग पूरी तरह से पपड़ी बनकर उखड़ चुकी है।
विज्ञापन
जीटी रोड स्थित ट्रांसपोर्ट नगर में सार्वजनिक शौचालय करीब एक साल से शोपीस बना हुआ है। जबसे इसका निर्माण हुआ है, इसे खोला ही नहीं गया है। शौचालय न खुलने की वजह से आसपास के दुकानदारों को शौच के लिए खुले में जाना पड़ता है।
नगर पालिका परिषद द्वारा शहर में कई जगहों पर बड़े कूड़ेदान रखवाए हैं, लेकिन वो शोपीस बने हुए हैं। क्षेत्राधिकारी कार्यालय के बाहर रखे कूड़ेदान का लोहे का ढक्कन तक नहीं खोला गया है। जिसके चलते इसमें कोई कूड़ा नहीं डाल पाता और यह कूड़ा बाहर बिखरा रहता है।
विज्ञापन
स्वच्छ सर्वेक्षण में 28 मार्च तक जिले की सभी नगर पालिका व नगर पंचायत क्षेत्रों की साफ-सफाई को देखा जाएगा। क्वालिटी काउंसिल ऑफ इंडिया (क्यूसीआई) की टीम द्वारा सर्वेक्षण किया जाएगा। स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में पालिका की रैंकिंग 264वीं रही थी। इसके बावजूद पालिका इसमें सुधार लाने की कोशिश नहीं कर रही है।
विज्ञापन
क्षेत्राधिकारी नगर कार्यालय के पास नगर पालिका द्वारा बनाए गए पिंक शौचालय में कई दिनों से ताला पड़ा हुआ है। शौचालय के नजदीक ही बाबूगंज और गांधी मार्केट है जहां पर महिलाएं व युवतियां खरीदारी के लिए आती हैं। शौचालय के ऊपर से वॉल पेंटिंग पूरी तरह से पपड़ी बनकर उखड़ चुकी है।
विज्ञापन
जीटी रोड स्थित ट्रांसपोर्ट नगर में सार्वजनिक शौचालय करीब एक साल से शोपीस बना हुआ है। जबसे इसका निर्माण हुआ है, इसे खोला ही नहीं गया है। शौचालय न खुलने की वजह से आसपास के दुकानदारों को शौच के लिए खुले में जाना पड़ता है।
नगर पालिका परिषद द्वारा शहर में कई जगहों पर बड़े कूड़ेदान रखवाए हैं, लेकिन वो शोपीस बने हुए हैं। क्षेत्राधिकारी कार्यालय के बाहर रखे कूड़ेदान का लोहे का ढक्कन तक नहीं खोला गया है। जिसके चलते इसमें कोई कूड़ा नहीं डाल पाता और यह कूड़ा बाहर बिखरा रहता है।