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UP: यहां से महाकुंभ के लिए नहीं मिल रही ट्रेन, परेशान श्रद्धालुओं ने इस तरह लगाई रेल मंत्री से गुहार
Sat, 18 Jan 2025 07:03 PM IST
अरुन पाराशर
संंवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संंवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Published by: अरुन पाराशर
Updated Sat, 18 Jan 2025 07:03 PM IST
सार
सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिक सेवा समिति के सदस्यों ने कानपुर, लखनऊ, प्रयागराज होते हुए बनारस तक यात्री गाड़ी चलाने की मांग की। इसको लेकर रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव के नाम स्टेशन मास्टर विजेंद्र गौतम को ज्ञापन सौंपा।
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ट्रेन संचालन को लेकर साैंपा ज्ञापन।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
एटा में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के चलते जिले वासियों को किसी भी तीर्थ स्थल या बड़े शहर तक रेल से यात्रा करने का मौका नहीं मिल पा रहा है। महाकुंभ में जाने के लिए हर जगह से स्पेशल ट्रेन चल रही है, लेकिन यहां के लोगों को सुविधा नहीं मिल रही है। 18 जनवरी को स्टेशन के स्थापना दिवस पर शनिवार को सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिक सेवा समिति ने रेल मंत्री के नाम स्टेशन मास्टर को ज्ञापन सौंपा।
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रेल मंत्री के नाम साैंपा ज्ञापन
रेल मंत्रालय महाकुंभ में जाने वाले लोगों के लिए हर स्थान से स्पेशल ट्रेन चला रहा है। जिले को इतने वर्षों के बाद भी ट्रेन की कोई विशेष सुविधा नहीं मिल पा रही है। इसी समस्या को लेकर शनिवार को जिले के तमाम वरिष्ठ नागरिक स्टेशन पर एकत्रित हुए और महाकुंभ के मौके पर प्रयागराज तक रेल चलाने की मांग की। सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिक सेवा समिति के सदस्यों ने कानपुर, लखनऊ, प्रयागराज होते हुए बनारस तक यात्री गाड़ी चलाने की मांग को लेकर रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव के नाम स्टेशन मास्टर विजेंद्र गौतम को ज्ञापन सौंपा।
रेल मंत्रालय महाकुंभ में जाने वाले लोगों के लिए हर स्थान से स्पेशल ट्रेन चला रहा है। जिले को इतने वर्षों के बाद भी ट्रेन की कोई विशेष सुविधा नहीं मिल पा रही है। इसी समस्या को लेकर शनिवार को जिले के तमाम वरिष्ठ नागरिक स्टेशन पर एकत्रित हुए और महाकुंभ के मौके पर प्रयागराज तक रेल चलाने की मांग की। सेवानिवृत्त वरिष्ठ नागरिक सेवा समिति के सदस्यों ने कानपुर, लखनऊ, प्रयागराज होते हुए बनारस तक यात्री गाड़ी चलाने की मांग को लेकर रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव के नाम स्टेशन मास्टर विजेंद्र गौतम को ज्ञापन सौंपा।
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बस का महंगा है किराया
भारी संख्या में जिले के लोग महाकुंभ में जाना तो चाहते हैं लेकिन, किराया अधिक होने की वजह से कतराते हैं। मोहल्ला संजय नगर निवासी ईश्वर दयाल सक्सेना ने बताया कि वह महाकुंभ में जाने के लिए आतुर हैं, लेकिन यहां से ट्रेन की सुविधा न होने की वजह से नहीं जा पा रहे हैं। मोहल्ला शांतिनगर निवासी रमेश चंद्र गुप्ता ने बताया कि वह महाकुंभ तो जाना चाहते हैं, लेकिन बस में किराया अधिक है। अगर यहां से ट्रेन की सुविधा होती तो मात्र 200 रुपये में महाकुंभ मेला तक पहुंच जाते। अगर कासगंज से ट्रेन पकड़ते हैं तो 165 से 170 और टूंडला से 145 से 165 रुपये तक की जनरल टिकट है। जबकि एटा से रोडवेज बस में 642 से 650 रुपये तक किराया है।
भारी संख्या में जिले के लोग महाकुंभ में जाना तो चाहते हैं लेकिन, किराया अधिक होने की वजह से कतराते हैं। मोहल्ला संजय नगर निवासी ईश्वर दयाल सक्सेना ने बताया कि वह महाकुंभ में जाने के लिए आतुर हैं, लेकिन यहां से ट्रेन की सुविधा न होने की वजह से नहीं जा पा रहे हैं। मोहल्ला शांतिनगर निवासी रमेश चंद्र गुप्ता ने बताया कि वह महाकुंभ तो जाना चाहते हैं, लेकिन बस में किराया अधिक है। अगर यहां से ट्रेन की सुविधा होती तो मात्र 200 रुपये में महाकुंभ मेला तक पहुंच जाते। अगर कासगंज से ट्रेन पकड़ते हैं तो 165 से 170 और टूंडला से 145 से 165 रुपये तक की जनरल टिकट है। जबकि एटा से रोडवेज बस में 642 से 650 रुपये तक किराया है।
ऐसे चल सकती है नई ट्रेन
उमरे प्रयागराज सीपीआरओ शशिकांत त्रिपाठी ने बताया कि जब तक स्थानीय स्तर से जनप्रतिनिधि की ओर से रेल मंत्रालय को पत्राचार या मांग पत्र नहीं दिया जाएगा। तब तक किसी नई ट्रेन का संचालन या वर्तमान ट्रेन का समय परिवर्तन होना मुश्किल है।
उमरे प्रयागराज सीपीआरओ शशिकांत त्रिपाठी ने बताया कि जब तक स्थानीय स्तर से जनप्रतिनिधि की ओर से रेल मंत्रालय को पत्राचार या मांग पत्र नहीं दिया जाएगा। तब तक किसी नई ट्रेन का संचालन या वर्तमान ट्रेन का समय परिवर्तन होना मुश्किल है।