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विद्युत व्यवस्था बदहाल, जनता बेहाल
ब्यूरो अमर उजाला एटा
Updated Thu, 12 Feb 2015 11:21 PM IST
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विद्युत विभाग अभियान चलाकर जहां वसूली में जुटा है, वहीं सुविधाओं की ओर कोई ध्यान नहीं है। शहर में जगह-जगह गले व झुके खंभे हादसों को न्यौता दे रहे हैं, वहीं जर्जर तारों का मकड़चाल फैला है। खुले में रखे ट्रांसफार्मर लोगों की जान के दुश्मन बने हैं। मगर विभाग का इस ओर कोई ध्यान नहीं है।
शहर की नई बस्ती, शांतिनगर, किदवई नगर, घंटाघर आदि इलाकों में बिजली के लगे कई खंभे जहां झुके हुए हैं वहीं नीचे से गल भी गए हैं जो कभी भी धराशाई हो सकते हैं। इससे लोगों को डर रहता है। प्रेमनगर चौराहा पर जर्जर तारों के चलते तीन महीने पहले तार टूटने से कई पशु मर भी गए थे। लोग भी बाल-बाल बच गए थे। बाबूगंज, घंटाघर, जीटी रोड, पटियाली गेट आदि स्थानाें पर तारों का मकड़चाल बिछा है। पीपल अड्डा, होली मोहल्ला, भगीपुर आदि स्थानों पर रखे ट्रांसफार्मरों के चारों ओर फैंसिंग नहीं हो रही है। खुले में रखे ट्रांसफार्मरों से हर समय हादसे का डर बना रहता है। शहर निवासी रंजीत, आशीष कुमार, सोनू, आरिफ, असलम आदि का कहना है कि इन जर्जर तारों व खुले में रखे ट्रांसफार्मरों से कई बार हादसे होने से बच गए हैं। उन्होंने इस समस्या से निजात की मांग की है।
बोर्ड परीक्षाओं में न हो रात के समय कटौती
बोर्ड परीक्षाएं नजदीक आ गई हैं। रात के समय होने वाली कटौती को लेकर विद्यार्थी चिंतित हैं। छात्र-छात्राओं की मांग है कि विभाग रात में कटौती न करे, ताकि वह परीक्षा की तैयारी कर सकें। क्योंकि दिन में शोरगुल के चलते पढ़ाई नहीं हो पाती है। रात को शांत वातावरण में परीक्षा की तैयारी आसानी से हो जाती है। दूसरी ओर विभागीय अधिकारियों का कहना है कि परीक्षाओं के दौरान रात के समय कटौती की जाए या नहीं इसका आदेश शासन स्तर से जारी होगा। विभाग स्थानीय स्तर पर रात के समय कटौती न हो इसका प्रयास कर रहा है।
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शहर में जहां-जहां जर्जर व पुराने तार हैं तथा ट्रांसफार्मरों के आगे फैंसिंग नहीं हो रही है, वहां यह कार्य जल्द ही पूरा हो जाएगा।
-राजीव चतुर्वेदी, अधिशासी अभियंता शहरी
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शहर की नई बस्ती, शांतिनगर, किदवई नगर, घंटाघर आदि इलाकों में बिजली के लगे कई खंभे जहां झुके हुए हैं वहीं नीचे से गल भी गए हैं जो कभी भी धराशाई हो सकते हैं। इससे लोगों को डर रहता है। प्रेमनगर चौराहा पर जर्जर तारों के चलते तीन महीने पहले तार टूटने से कई पशु मर भी गए थे। लोग भी बाल-बाल बच गए थे। बाबूगंज, घंटाघर, जीटी रोड, पटियाली गेट आदि स्थानाें पर तारों का मकड़चाल बिछा है। पीपल अड्डा, होली मोहल्ला, भगीपुर आदि स्थानों पर रखे ट्रांसफार्मरों के चारों ओर फैंसिंग नहीं हो रही है। खुले में रखे ट्रांसफार्मरों से हर समय हादसे का डर बना रहता है। शहर निवासी रंजीत, आशीष कुमार, सोनू, आरिफ, असलम आदि का कहना है कि इन जर्जर तारों व खुले में रखे ट्रांसफार्मरों से कई बार हादसे होने से बच गए हैं। उन्होंने इस समस्या से निजात की मांग की है।
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बोर्ड परीक्षाओं में न हो रात के समय कटौती
बोर्ड परीक्षाएं नजदीक आ गई हैं। रात के समय होने वाली कटौती को लेकर विद्यार्थी चिंतित हैं। छात्र-छात्राओं की मांग है कि विभाग रात में कटौती न करे, ताकि वह परीक्षा की तैयारी कर सकें। क्योंकि दिन में शोरगुल के चलते पढ़ाई नहीं हो पाती है। रात को शांत वातावरण में परीक्षा की तैयारी आसानी से हो जाती है। दूसरी ओर विभागीय अधिकारियों का कहना है कि परीक्षाओं के दौरान रात के समय कटौती की जाए या नहीं इसका आदेश शासन स्तर से जारी होगा। विभाग स्थानीय स्तर पर रात के समय कटौती न हो इसका प्रयास कर रहा है।
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शहर में जहां-जहां जर्जर व पुराने तार हैं तथा ट्रांसफार्मरों के आगे फैंसिंग नहीं हो रही है, वहां यह कार्य जल्द ही पूरा हो जाएगा।
-राजीव चतुर्वेदी, अधिशासी अभियंता शहरी