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कान्हा ने लिया जन्म, हर ओर बिखरी अनुपम छटा
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शांति नगर में सजाई गई अमरनाथ की झांकी को देखते लोग ।संवाद
- फोटो : ETAH
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एटा। उल्लास, उमंग और उत्साह के बीच जैसे ही रात के 12 बजे कान्हा ने जन्म लिया, हर ओर अनुपम छटा बिखर गई। श्रद्धा और भक्ति से श्रद्धालु झूम उठे और जयकारे तेज हो गए। मंदिरों में बांके बिहारी ने अपने भक्तों को दिव्य दर्शन दिए। वहीं भक्तों ने उनको भोग लगाकर पुण्य लाभ प्राप्त किया।
जन्माष्टमी पर्व की तैयारियां सोमवार को सुबह से ही तेज कर दी गई थीं। जीटी रोड स्थित श्रीराम दरबार, पुरानी बस्ती स्थित राधा-कृष्ण, घंटाघर स्थित क्षत्रिय-स्वर्णकार, रैवाड़ी मोहल्ला स्थित श्रीराम-सीता और शिव मंदिर, ठंडी सड़क स्थित रघुनाथ जी आदि मंदिरों में विद्युत सजावट, झांकियों के साथ प्रभु का अनुपम शृंगार किया गया था। वहीं सड़कों और घरों में भी लोगों ने झांकियां सजाईं। शाम तक सभी तैयारियां कर ली गईं और मंदिरों आदि को भक्तों के दर्शनों के लिए खोल दिया गया। देर रात तक यह सिलसिला बना रहा। लोग घरों पर पहुंचकर अपने मंदिरों में पूजा-अर्चना की तैयारी में जुट गए। रात के 12 बजे कान्हा के जन्म लेते ही हर ओर बांके बिहारी की जय-जयकार गूंज उठी।
पुलिस लाइन में लगा मेला, हुए सांस्कृति कार्यक्रम
जन्माष्टमी पर्व के उपलक्ष्य में पुलिस लाइन में बाहर की ओर मेला लगाया गया। इसमें दुकानों से खरीदारी करने के लिए जबरदस्त भीड़ रही। जबकि अंदर मंदिर में झांकियां सजाई गईं। वहीं, पुलिस परिवार व कुछ स्कूली बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों भी आयोजन किया गया।
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जन्माष्टमी पर्व की तैयारियां सोमवार को सुबह से ही तेज कर दी गई थीं। जीटी रोड स्थित श्रीराम दरबार, पुरानी बस्ती स्थित राधा-कृष्ण, घंटाघर स्थित क्षत्रिय-स्वर्णकार, रैवाड़ी मोहल्ला स्थित श्रीराम-सीता और शिव मंदिर, ठंडी सड़क स्थित रघुनाथ जी आदि मंदिरों में विद्युत सजावट, झांकियों के साथ प्रभु का अनुपम शृंगार किया गया था। वहीं सड़कों और घरों में भी लोगों ने झांकियां सजाईं। शाम तक सभी तैयारियां कर ली गईं और मंदिरों आदि को भक्तों के दर्शनों के लिए खोल दिया गया। देर रात तक यह सिलसिला बना रहा। लोग घरों पर पहुंचकर अपने मंदिरों में पूजा-अर्चना की तैयारी में जुट गए। रात के 12 बजे कान्हा के जन्म लेते ही हर ओर बांके बिहारी की जय-जयकार गूंज उठी।
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पुलिस लाइन में लगा मेला, हुए सांस्कृति कार्यक्रम
जन्माष्टमी पर्व के उपलक्ष्य में पुलिस लाइन में बाहर की ओर मेला लगाया गया। इसमें दुकानों से खरीदारी करने के लिए जबरदस्त भीड़ रही। जबकि अंदर मंदिर में झांकियां सजाई गईं। वहीं, पुलिस परिवार व कुछ स्कूली बच्चों के सांस्कृतिक कार्यक्रमों भी आयोजन किया गया।
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