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फर्जी लाइसेंस : जांच में आ रहे जिले के कई लोगों के नाम
Wed, 06 Aug 2025 05:33 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Wed, 06 Aug 2025 05:33 PM IST
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एटा। अहमदाबाद में गुजरात एटीएस (एंटी टेरेरिस्ट स्क्वॉड) ने फर्जी शस्त्र लाइसेंस संबंधी गिरोह पकड़ा तो इसका कनेक्शन सीधे एटा से जुड़ा। यहीं से फर्जी लाइसेंस ऑनलाइन कराकर बनाए गए थे। जिले के दो लोग लाइसेंस बनवाने में आरोपी बनाए जा चुके हैं। जांच के दौरान जिले के कई अन्य लोगों के नाम भी सामने आ रहे हैं।
एटीएस ने 14 जुलाई को यह गिरोह अहमदाबाद में पकड़ा था। गिरफ्तार किए गए 7 लोगों के पास से अवैध हथियार, कारतूस और फर्जी शस्त्र लाइसेंस बरामद हुए। ये लाइसेंस एटा से बने हुए दिखाए गए थे। इस आधार पर जांच करने के लिए एटीएस की टीम यहां आई। दर्शाए गए शस्त्र लाइसेंस नंबर पर रिकॉर्ड खंगाले गए तो अन्य लोगों के नाम दर्ज थी। मतलब कि रिकाॅर्ड को ऑनलाइन करते समय फर्जीवाड़ा कर अन्य लोगों के नाम लाइसेंस दिखा दिया गया और उनसे रुपये ऐंठे गए।
ये लाइसेंस 2015-16 में जारी दिखाए गए। पहले 12 लाइसेंस की एक सूची भेजी गई थी। अब एक और सूची एटीएस से इतने ही लाइसेंस की जिला प्रशासन को मिली है। इनमें 5 लाइसेंस कासगंज के दिखाए गए हैं। एटीएस ने शहर के अधिवक्ता देवकांत पांडेय को भी आरोपी बनाया है जिसकी तलाश में यहां दबिश भी दी जा चुकी है। अब तक की जांच में कई अन्य लोगों के नाम भी आए हैं जिनके बारे में सबूत जुटाए जा रहे हैं। एडीएम प्रशासन सत्य प्रकाश ने बताया कि जांच एटीएस कर रही है। जो सूची दी गई हैं उसके आधार पर यहांं भी स्थानीय स्तर से एक जांच कराई जा रही है।
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एटीएस ने 14 जुलाई को यह गिरोह अहमदाबाद में पकड़ा था। गिरफ्तार किए गए 7 लोगों के पास से अवैध हथियार, कारतूस और फर्जी शस्त्र लाइसेंस बरामद हुए। ये लाइसेंस एटा से बने हुए दिखाए गए थे। इस आधार पर जांच करने के लिए एटीएस की टीम यहां आई। दर्शाए गए शस्त्र लाइसेंस नंबर पर रिकॉर्ड खंगाले गए तो अन्य लोगों के नाम दर्ज थी। मतलब कि रिकाॅर्ड को ऑनलाइन करते समय फर्जीवाड़ा कर अन्य लोगों के नाम लाइसेंस दिखा दिया गया और उनसे रुपये ऐंठे गए।
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ये लाइसेंस 2015-16 में जारी दिखाए गए। पहले 12 लाइसेंस की एक सूची भेजी गई थी। अब एक और सूची एटीएस से इतने ही लाइसेंस की जिला प्रशासन को मिली है। इनमें 5 लाइसेंस कासगंज के दिखाए गए हैं। एटीएस ने शहर के अधिवक्ता देवकांत पांडेय को भी आरोपी बनाया है जिसकी तलाश में यहां दबिश भी दी जा चुकी है। अब तक की जांच में कई अन्य लोगों के नाम भी आए हैं जिनके बारे में सबूत जुटाए जा रहे हैं। एडीएम प्रशासन सत्य प्रकाश ने बताया कि जांच एटीएस कर रही है। जो सूची दी गई हैं उसके आधार पर यहांं भी स्थानीय स्तर से एक जांच कराई जा रही है।
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