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शिक्षकों ने डायट पर की तालाबंदी
ब्यूरो अमर उजाला एटा
Updated Wed, 10 Dec 2014 11:51 PM IST
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विभिन्न समस्याओं को लेकर उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ ने जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान पर मनमानी का आरोप लगाते हुए तालाबंदी कर विरोध प्रदर्शन किया।
यहां पहुंचे दर्जनों शिक्षक एवं शिक्षक नेताओं ने प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि बिना शासनादेश के संस्था प्रमुख द्वारा सेवारत शिक्षक प्रशिक्षार्थियेां से नामांकन शुल्क के रूप में 4600 रुपये का डिमांड ड्राफ्ट लिया गया है। वे इस संबंध में कोई भी आदेश नहंी दिखा सके हैं। डायट में स्थायी कक्षा अध्यापक नहीं हैं। शिक्षक मनचाहे समय पर आते-जाते हैं। वहीं, प्रशिक्षणार्थियों के थोड़े विलंब पर ही अनुपस्थित दर्शा दिया जाता है। 150 प्रशिक्षणार्थियों के लिए मात्र तीन दरी बिछा दी जाती हैं।
शिक्षकों का आरोप है कि छह दिसंबर को निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी को दस बजे डायट पर ताला लगा मिला। इस पर की गई कार्रवाई से भड़के प्राचार्य ने नौ दिसंबर को उपस्थिति के बाद भी प्रशिक्षणार्थियों को अनुपस्थित दर्शा दिया। प्रशिक्षकों द्वारा प्रशिक्षण से संबंधित जानकारी भी नहीं दी जा रही।
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आंदोलनकारियों में विनय चौहान, हरवीर शर्मा, नीरज भारद्वाज, दिनेश कुमार, वीर प्रकाश, हरिनंदन, लतारानी, कमलेश कुमारी, अरविंद राघव, तेजवीर सिंह, बृजेश यादव आदि थे।
सीडीओ के निरीक्षण में अनुपस्थित मिले प्रशिक्षणार्थियों पर की गई कार्रवाई पर भड़के इन लोगों ने आंशिक विरोध किया। इन्हें नियमानुसार आने एवं प्रशिक्षण लेने की चेतावनी दी गई है। ताकि संस्थान की व्यवस्थाएं सुचारु रहें।
- हरी सिंह शाक्य, प्राचार्य, डायट
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यहां पहुंचे दर्जनों शिक्षक एवं शिक्षक नेताओं ने प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि बिना शासनादेश के संस्था प्रमुख द्वारा सेवारत शिक्षक प्रशिक्षार्थियेां से नामांकन शुल्क के रूप में 4600 रुपये का डिमांड ड्राफ्ट लिया गया है। वे इस संबंध में कोई भी आदेश नहंी दिखा सके हैं। डायट में स्थायी कक्षा अध्यापक नहीं हैं। शिक्षक मनचाहे समय पर आते-जाते हैं। वहीं, प्रशिक्षणार्थियों के थोड़े विलंब पर ही अनुपस्थित दर्शा दिया जाता है। 150 प्रशिक्षणार्थियों के लिए मात्र तीन दरी बिछा दी जाती हैं।
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शिक्षकों का आरोप है कि छह दिसंबर को निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी को दस बजे डायट पर ताला लगा मिला। इस पर की गई कार्रवाई से भड़के प्राचार्य ने नौ दिसंबर को उपस्थिति के बाद भी प्रशिक्षणार्थियों को अनुपस्थित दर्शा दिया। प्रशिक्षकों द्वारा प्रशिक्षण से संबंधित जानकारी भी नहीं दी जा रही।
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आंदोलनकारियों में विनय चौहान, हरवीर शर्मा, नीरज भारद्वाज, दिनेश कुमार, वीर प्रकाश, हरिनंदन, लतारानी, कमलेश कुमारी, अरविंद राघव, तेजवीर सिंह, बृजेश यादव आदि थे।
सीडीओ के निरीक्षण में अनुपस्थित मिले प्रशिक्षणार्थियों पर की गई कार्रवाई पर भड़के इन लोगों ने आंशिक विरोध किया। इन्हें नियमानुसार आने एवं प्रशिक्षण लेने की चेतावनी दी गई है। ताकि संस्थान की व्यवस्थाएं सुचारु रहें।
- हरी सिंह शाक्य, प्राचार्य, डायट