Etah: दुष्कर्म के तीन दोषियों को 12-12 और एक को 10 वर्ष कठोर करावास की सजा, 80 हजार का लगाया जुर्माना
एटा में कोर्ट में दुष्कर्म के दो मामलों की सुनवाई हुई। कोर्ट ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर चार दोषियों को सजा सुनाई। इनमें तीन को 12-12 वर्ष और एक को दस साल के कठोर कारावास से दंडित करने का आदेश दिया।
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उत्तर प्रदेश के एटा में कोर्ट में दुष्कर्म के दो मामलों की सुनवाई हुई। इस दौरान कोर्ट ने चार दोषियों को सजा सुनाई। तीनों को 12-12 वर्ष और एक को दस साल के कठोर कारावास से दंडित करने का आदेश दिया। एक अन्य मामले में दोषी को साढ़े तीन साल के साधारण कारावास से दंडित किया गया।
कोतवाली देहात क्षेत्र के नंदगांव निवासी संतोष के विरुद्ध 16 वर्षीय किशोरी को 2013 में ले गया था। उसके साथ दुष्कर्म किया। विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट विपिन कुमार ने गवाहों और सबूतों के परीक्षण के बाद संतोष को दोषी ठहराया। दस साल के कठोर कारावास और 70 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है।
जुर्माना की 60 प्रतिशत धनराशि पीड़िता को दी जाएगी
दूसरा मामला कोतवाली नगर से जुड़ा हुआ था। इसमें प्रेम निवासी कटरा मोहल्ला, रामसेवक और चरन सिंह निवासी नगला समल थाना कोतवाली देहात के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। रंजिश में 13 वर्षीय किशोरी को अपहृत कर ले जाने और दुष्कर्म करने का आरोप था। इस मामले की सुनवाई भी विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट न्यायालय में हुई। इसमें तीनों को दोषी ठहराया गया। प्रत्येक को 12 साल के सश्रम कारावास और 80500 रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश अदालत ने दिया है। 60 प्रतिशत धनराशि पीड़िता को दी जाएगी।
कबूला अपराध, साढ़े तीन साल की सजा
एक अन्य मामले में जैथरा थाना क्षेत्र में हरिओम यादव निवासी महाराजपुर, थाना जसरथपुर के विरुद्ध बलबा, हत्या का प्रयास का मामला दर्ज था। इसमें वह जेल में निरुद्ध है। अदालत में मुकदमा विचाराधीन था। सुनवाई के दौरान हरिओम ने जुर्म स्वीकार कर लिया। अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-तीन की अदालत ने उसे साढ़े तीन साल के साधारण कारावास से दंडित करने का आदेश दिया है।