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पिता की बेरुखी के चलते की थी भाई की हत्या
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एटा। भाई की हत्या कर शव फेंकने वाले हत्यारोपी रामौतार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। उसने पूछताछ में पिता की खुद के प्रति बेरुखी और छोटे भाई से अधिक लगाव के चलते हत्या करने की बात कबूली है। इसके अलावा दो नए हत्यारोपियों के नाम भी सामने आए हैं।
एएसपी ओपी सिंह ने बताया कि जतिन (20) निवासी गांव फरैंदा थाना एका जिला फिरोजाबाद के हत्यारोपी भाई रामौतार उर्फ सुनील को मंगलवार रात करीब 10 बजे प्रभारी निरीक्षक पंकज कुमार मिश्रा ने आसपुर चौराहे से गिरफ्तार किया। पूछताछ में रामौतार ने बताया है कि उसके पिता ज्वाला प्रसाद का लगाव जतिन से बहुत ज्यादा था। जबकि मुझको हीन भावना से देखते थे। शक था कि पिता जायदाद से बेदखल कर जतिन के नाम संपत्ति कर देंगे। इसलिए जतिन की हत्या करने का षड्यंत्र रचा।
इसमें गांव के ही करू, रिश्ते के साले रतन कुमार निवासी मैनपुरी और एक अन्य को शामिल किया। साजिश के तहत ही रतन कुमार से जतिन को बुलाया। सूरज छिपने के बाद गांव गणेशपुर चलने के लिए कहा गया। हाड़ई के पास पहले से मौजूद सभी लोग जतिन का मुंह बंद करके जंगल में खींचकर ले गए। दो गोलियां मारकर हत्या करने के बाद शव को तालाब किनारे फेंक कर भाग गए।
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तीन आरोपियों के निकाले जाएंगे नाम
एएसपी ओपी सिंह ने बताया है कि मृतक के पिता ज्वाला प्रसाद ने गांव के ही उदयवीर सिंह, राघवेंद्र और जगतवीर पर भी हत्या का आरोप लगाया था। आरोपी ने पूछताछ में तीनों की भूमिका को नकार दिया है। बेकसूर तीनों के नाम मुकदमे से निकाले जाएंगे।
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एएसपी ओपी सिंह ने बताया कि जतिन (20) निवासी गांव फरैंदा थाना एका जिला फिरोजाबाद के हत्यारोपी भाई रामौतार उर्फ सुनील को मंगलवार रात करीब 10 बजे प्रभारी निरीक्षक पंकज कुमार मिश्रा ने आसपुर चौराहे से गिरफ्तार किया। पूछताछ में रामौतार ने बताया है कि उसके पिता ज्वाला प्रसाद का लगाव जतिन से बहुत ज्यादा था। जबकि मुझको हीन भावना से देखते थे। शक था कि पिता जायदाद से बेदखल कर जतिन के नाम संपत्ति कर देंगे। इसलिए जतिन की हत्या करने का षड्यंत्र रचा।
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इसमें गांव के ही करू, रिश्ते के साले रतन कुमार निवासी मैनपुरी और एक अन्य को शामिल किया। साजिश के तहत ही रतन कुमार से जतिन को बुलाया। सूरज छिपने के बाद गांव गणेशपुर चलने के लिए कहा गया। हाड़ई के पास पहले से मौजूद सभी लोग जतिन का मुंह बंद करके जंगल में खींचकर ले गए। दो गोलियां मारकर हत्या करने के बाद शव को तालाब किनारे फेंक कर भाग गए।
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तीन आरोपियों के निकाले जाएंगे नाम
एएसपी ओपी सिंह ने बताया है कि मृतक के पिता ज्वाला प्रसाद ने गांव के ही उदयवीर सिंह, राघवेंद्र और जगतवीर पर भी हत्या का आरोप लगाया था। आरोपी ने पूछताछ में तीनों की भूमिका को नकार दिया है। बेकसूर तीनों के नाम मुकदमे से निकाले जाएंगे।