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तीर्थ यात्रियों के लिए बाईपास न होना अभिशाप

Sat, 26 Dec 2015 12:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Sat, 26 Dec 2015 12:03 AM IST
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baipass should made early
गंगा घाट आने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए बाईपास का न होना अभिशाप बन गया है। जाम में फंसने से वो परेशान होते हैं। अक्सर हादसे का शिकार भी हो जाते हैं, जिससे उनकी जान तक चली जाती है।
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सर्कुलर रोड पर तीर्थ नगरी सोरों और कछला गंगा घाट पड़ते हैं।गंगा स्नान पर्व पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु राजस्थान, मध्यप्रदेश, गुजरात जैसे राज्यों से आते हैं। गृह राज्य के आसपास के जिले से भी काफी संख्या में श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए आते हैं। सावन मास एवं महाशिवरात्रि पर्व पर कांवर भरने को लहरा घाट के लिए भी इसी मार्ग से श्रद्धालुओं का आवागमन रहता है। अधिकांश श्रद्धालु अपने निजी वाहनों से पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं का दबाव बढ़ जाने से अक्सर जाम लग जाता है। कभी कभी तो घंटों तक जाम में वो फंसे रहते हैं।  
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स्नान पर्व के मौके पर अक्सर जाम की समस्या का सामना करना पड़ता है, जिससे काफी समय बर्बाद हो जाता है। बाईपास बनने पर इस समस्या से श्रद्धालुओं को निजात मिल सकती है।  गंगा सरन श्रद्धालु
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बाईपास मार्ग बन जाने पर श्रद्धालुओं को जाम की समस्या से काफी हद तक निजात मिल सकती है। ऐसे में श्रद्धालुओं का काफी समय भी बचेगा।
-राधेश्याम, तीर्थ यात्री  


जामा मस्जिद क्षेत्र में लगाया शिविर
बाईपास की मांग पर जामा मस्जिद क्षेत्र में शुक्रवार को शिविर लगाया गया, जिसमें काफी संख्या में लोगों ने हस्ताक्षर किए। इस दौरान माधव तिवारी, इसरार हुसैन अंसारी, शनि प्रकाश शर्मा, जुबैर अहमद, शाहिद नूर, इरशाद अहमद आदि मौजूद रहे।
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