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Etah News: चाय बेचने वाले के नाम पर चल रहा था फर्जी मेडिकल काॅलेज
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एटा। मारहरा क्षेत्र के गांव महमूदपुर नगरिया में पकड़ा गया फर्जी मेडिकल कॉलेज चाय वाले के नाम से संचालित था। इस बीएस मेडिकल कॉलेज एंड यूनिवर्सिटी की शुरुआत वर्ष 2022 में गांव के ही सतेंद्र कुमार उर्फ कृष्णपाल ने की थी। जिस बीएस नामक व्यक्ति के नाम पर कॉलेज को रजिस्टर्ड दिखाया गया है उसका पूरा नाम भगवान दास है और वह चाय बेचने का काम करता है।
यहां बीफार्मा, डीफार्मा, बीएससी नर्सिंग, बीएएमएम, जीएनएम, एएनएम, डीएमएमटी, बीएमएलटी समेत कई फर्जी कोर्स संचालित किए जा रहे थे। पुलिस को कॉलेज से आईडी कार्ड, आवेदन फार्म, हाजिरी शीट, फीस रसीदें, परीक्षा पुस्तिकाएं, जाली प्रश्नपत्र, फर्जी मार्कशीट और मोहर मिली थीं। पुलिस अब तक सात लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
इनमें सतेंद्र कुमार निवासी महमूदपुर नगरिया, गौरव अग्रवाल निवासी पंखा वाला बाग नदरई गेट कासगंज, भगवान दास निवासी धरपसी, नरेंद्र उर्फ पप्पू निवासी मोहल्ला पैठ और मोहम्मद शरीफ कुरैशी निवासी मोहल्ला गफूरगंज मारहरा, कीरत राम निवासी नगला रज्जी, कासगंज और एक महिला शिक्षिका शामिल है। तीन सौ रुपये प्रतिदिन दिहाड़ी मिलती थी। उसका नाम कागजों में फैकल्टी के रूप में दर्ज था। गौरव अग्रवाल पिता के सुभाष चंद्र अग्रवाल रिटायर्ड सीएमओ हैं। वह संचालन देखता था। संवाद
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यहां बीफार्मा, डीफार्मा, बीएससी नर्सिंग, बीएएमएम, जीएनएम, एएनएम, डीएमएमटी, बीएमएलटी समेत कई फर्जी कोर्स संचालित किए जा रहे थे। पुलिस को कॉलेज से आईडी कार्ड, आवेदन फार्म, हाजिरी शीट, फीस रसीदें, परीक्षा पुस्तिकाएं, जाली प्रश्नपत्र, फर्जी मार्कशीट और मोहर मिली थीं। पुलिस अब तक सात लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
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इनमें सतेंद्र कुमार निवासी महमूदपुर नगरिया, गौरव अग्रवाल निवासी पंखा वाला बाग नदरई गेट कासगंज, भगवान दास निवासी धरपसी, नरेंद्र उर्फ पप्पू निवासी मोहल्ला पैठ और मोहम्मद शरीफ कुरैशी निवासी मोहल्ला गफूरगंज मारहरा, कीरत राम निवासी नगला रज्जी, कासगंज और एक महिला शिक्षिका शामिल है। तीन सौ रुपये प्रतिदिन दिहाड़ी मिलती थी। उसका नाम कागजों में फैकल्टी के रूप में दर्ज था। गौरव अग्रवाल पिता के सुभाष चंद्र अग्रवाल रिटायर्ड सीएमओ हैं। वह संचालन देखता था। संवाद
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