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Etah News: स्वास्थ्य विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर 10 लोगों से ठगी
Sat, 27 Jan 2024 11:20 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Sat, 27 Jan 2024 11:20 PM IST
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एटा। स्वास्थ्य विभाग में नौकरी लगवाने के नाम पर 10 लोगों को धोखाधड़ी करके ठगी का शिकार बना लिया। फर्जी नियुक्ति पत्र देकर रकम ऐंठ ली गई। जब यह लोग नियुक्ति पत्र लेकर पहुंचे तो ठगी की जानकारी हुई।
थाना अवागढ़ क्षेत्र के गांव मंडपुरा निवासी नरेश सिंह ने शिवपाल सिंह निवासी नगला श्रीकृष्ण थाना सकरौली के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप है कि फरवरी 2022 में शिवपाल ने खुद को जलेसर सीएचसी पर तैनात बताया था। डेढ़ लाख रुपये में एक व्यक्ति की नौकरी लगवाने की बात की थी। अवागढ़ और जलेसर सीएचसी अथवा पीएचसी पर तैनाती दिलाने को कहा गया था। फरवरी में ही एडवांस के रूप में 50-50 हजार रुपये शैक्षिक दस्तावेजों के साथ ले लिए गए। नरेश का कहना है कि मुझे कंप्यूटर पर नौकरी दिलाने की बात बताई, जब कि अन्य को एंबुलेंस स्टाफ नर्स आदि के पद दिलाने के लिए कहा गया।
आरोप है कि मई में सबसे पहले मेरा ही नियुक्ति पत्र दिया गया, इसको लेकर अवागढ़ पीएचसी पहुंचा तो फर्जी होना बताया। इसके बाद जांच कराई गई तो सभी नियुक्ति पत्र फर्जी पाए गए। थाना प्रभारी जयेंद्र प्रसाद मौर्य ने बताया कि तहरीर मिली है, उसके आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच कराई जा रही है।
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थाना अवागढ़ क्षेत्र के गांव मंडपुरा निवासी नरेश सिंह ने शिवपाल सिंह निवासी नगला श्रीकृष्ण थाना सकरौली के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। आरोप है कि फरवरी 2022 में शिवपाल ने खुद को जलेसर सीएचसी पर तैनात बताया था। डेढ़ लाख रुपये में एक व्यक्ति की नौकरी लगवाने की बात की थी। अवागढ़ और जलेसर सीएचसी अथवा पीएचसी पर तैनाती दिलाने को कहा गया था। फरवरी में ही एडवांस के रूप में 50-50 हजार रुपये शैक्षिक दस्तावेजों के साथ ले लिए गए। नरेश का कहना है कि मुझे कंप्यूटर पर नौकरी दिलाने की बात बताई, जब कि अन्य को एंबुलेंस स्टाफ नर्स आदि के पद दिलाने के लिए कहा गया।
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आरोप है कि मई में सबसे पहले मेरा ही नियुक्ति पत्र दिया गया, इसको लेकर अवागढ़ पीएचसी पहुंचा तो फर्जी होना बताया। इसके बाद जांच कराई गई तो सभी नियुक्ति पत्र फर्जी पाए गए। थाना प्रभारी जयेंद्र प्रसाद मौर्य ने बताया कि तहरीर मिली है, उसके आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच कराई जा रही है।
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