फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Deoria News ›   Villagers are scared due to fluctuations in the water level of Saryu and Rapti

Deoria News: सरयू और राप्ती के जलस्तर में उतार-चढ़ाव से ग्रामीण भयभीत

Mon, 30 Jun 2025 11:55 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया Updated Mon, 30 Jun 2025 11:55 PM IST
विज्ञापन
Villagers are scared due to fluctuations in the water level of Saryu and Rapti
बरहज के भदिला प्रथम गांव में जाने के लिए वर्ममान में बनाया गया अस्थायी रास्ता
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

बरहज। क्षेत्र के अधिकतर गांव सरयू और राप्ती नदी तट पर बसे हैं। बरसात के मौसम और बाढ़ आने पर लोगों की दुश्वारियां बढ़ जाती हैं। प्रत्येक वर्ष चारों ओर से पानी से घिर जाने के कारण भदिला प्रथम गांव टापू बन जाता है। बाढ़ हटने तक लोगों का जीवन कैद होकर रह जाता है। आवागमन के लिए नाव ही मात्र सहारा होती है।
इन दिनों सरयू और राप्ती नदी के जलस्तर में हो रहे उतार-चढ़ाव से गांव के लोगों की सांसे अटकी हुई हैं। ग्राम पंचायत भदिला प्रथम की आबादी करीब 35 सौ से चार हजार है। इस गांव में गोरखपुर जनपद से होकर आना-जाना पड़ता है। राप्ती नदी तट पर गांव बसा है। वर्तमान में लोग अस्थायी पुल बनाकर खेतों आदि के रास्ते आवागमन करते हैं।
विज्ञापन

बाढ़ के दिनों में यह गांव चारों तरफ से पानी से घिर जाता है। बाढ़ के दौरान स्कूली छात्रों, नौकरीपेशा और दिहाड़ी मजदूरों की परेशानी बढ़ जाती है। लोग जान जाेखिम में डालकर नाव से आवागमन करते हैं। कभी-कभी नाव पलट भी जाती है। अन्य दिनों में लोग खेतों की पगडंडियों आदि के रास्ते आवाजाही करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

केंद्रीय जांच टीम ने नौ सितंबर 2020 को अधिकारियों के साथ भदिला प्रथम गांव का दौरान किया था। ज्वाइंट सेक्रेटरी रमेश गंटा की टीम तत्कालीन डीएम अमित किशोर और एसडीएम सुनील कुमार सिंह के साथ भदिला गांव पहुंचे थे। 105 वर्षीय किसान राजमंगल यादव ने बारिश और बाढ़ के कहर को रूला देने वाला बताया था।

1998 में गांव की स्थिति और भी दयनीय हो गई थी। दिल्ली की टीम ने शैलेष कुमार, आरबी कौल, बीसी शर्मा, डॉ.मान सिंह, अभिलाष कुमार शामिल थे। नाव से उतरने के बाद प्राथमिक विद्यालय पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए सभी ई-रिक्शा से गए थे। टीम के सदस्यों ने शासन को रिपोर्ट प्रेषित करने का आश्वासन देते हुए सवर्णा धान की रोपाई करने के लिए प्रेरित किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed