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Deoria News: लेप्रोस्कोपिक सर्जरी की सुविधा नहीं, मरीज परेशान
Sun, 30 Nov 2025 12:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sun, 30 Nov 2025 12:02 AM IST
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देवरिया। महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज में लेप्रोस्कोपिक सर्जरी की सुविधा नहीं है। सहज और सामान्य तरीके से सर्जरी चाहने वाले लोगों को निजी अस्पतालों या उच्च चिकित्सा संस्थानों का रुख करना पड़ता है। इससे मरीजों को दिक्कत होती है।
महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन दो हजार के करीब मरीज आते हैं। इसमें 150 के आसपास जनरल सर्जरी विभाग की ओपीडी में आते हैं। इसमें सामान्य सर्जिकल समस्याओं के अतिरिक्त हाइड्रोसिल, पथरी और अन्य प्रकार की आंतरिक सर्जरी के मरीज होते हैं। इनमें से प्रतिदिन छह से आठ मरीजों की सर्जरी ऑपरेशन थियेटर में होती है। सर्जन ओपन सर्जरी विधि से ऑपरेशन करते हैं।
इसकी वजह से मरीजों को ठीक में होने में समय लगता है। साथ ही रिस्क भी अधिक होता है। इसके चलते कई मरीज लेप्रोस्कोपिक विधि से सर्जरी कराना चाहते हैं। इसे बोलचाल की भाषा में दूरबीन विधि भी कहा जाता है, लेकिन मरीजों को यह सुविधा मेडिकल कॉलेज में नहीं मिल पाती है।
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पिछले साल कॉलेज प्रशासन ने एक मशीन मंगाई थी। इसके ट्रॉयल में ऑपरेशन भी किए गए, लेकिन एक महीने बाद ही यह वापस हो गया। इसके बाद फिर ओपन सर्जरी विधि से ऑपरेशन होने लगे।
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महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन दो हजार के करीब मरीज आते हैं। इसमें 150 के आसपास जनरल सर्जरी विभाग की ओपीडी में आते हैं। इसमें सामान्य सर्जिकल समस्याओं के अतिरिक्त हाइड्रोसिल, पथरी और अन्य प्रकार की आंतरिक सर्जरी के मरीज होते हैं। इनमें से प्रतिदिन छह से आठ मरीजों की सर्जरी ऑपरेशन थियेटर में होती है। सर्जन ओपन सर्जरी विधि से ऑपरेशन करते हैं।
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इसकी वजह से मरीजों को ठीक में होने में समय लगता है। साथ ही रिस्क भी अधिक होता है। इसके चलते कई मरीज लेप्रोस्कोपिक विधि से सर्जरी कराना चाहते हैं। इसे बोलचाल की भाषा में दूरबीन विधि भी कहा जाता है, लेकिन मरीजों को यह सुविधा मेडिकल कॉलेज में नहीं मिल पाती है।
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पिछले साल कॉलेज प्रशासन ने एक मशीन मंगाई थी। इसके ट्रॉयल में ऑपरेशन भी किए गए, लेकिन एक महीने बाद ही यह वापस हो गया। इसके बाद फिर ओपन सर्जरी विधि से ऑपरेशन होने लगे।