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स्कूल में टीनशेड के कमरे पर गिरा पेड़, तीन छात्राएं जख्मी
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विकास खंड बनकटा के बैकुंठपुर में आइडियल पब्लिक स्कूल के टीन शेड कमरे पर गिरा बरगद का पेड़।
- फोटो : DEORIA
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स्कूल में टीनशेड पर गिरा पेड़, तीन छात्राएं जख्मी
बनकटा के बैकुंठपुर गांव के निजी स्कूल में हुआ हादसा
घटना के बाद से प्रबंधक-प्रधानाचार्य भागे, बीईओ ने की जांच
अमर उजाला ब्यूरो
भाटपाररानी। बनकटा ब्लॉक के बैकुंठपुर गांव में संचालित निजी विद्यालय परिसर में टीनशेड के कमरे पर पुराना पेड़ गिर गया। मलबे में दबने से कमरे में पढ़ाई कर रही तीन छात्राएं जख्मी हो गईं। उनका इलाज मैरवा स्थित निजी अस्पताल में कराया गया। सूचना पर शिक्षा विभाग के अफसर मौके पर पहुंच गए। छानबीन में विद्यालय की मान्यता नहीं मिली है। पिछले वर्ष ही इसे बंद करा दिया गया था, बावजूद फिर से इसका संचालन शुरू कर दिया गया। घटना के बाद से प्रबंधक व प्रधानाचार्य भाग गए हैं।
ग्राम बैकुंठपुर में आइडियल पब्लिक स्कूल का संचालन कई वर्षों से होता रहा है। कक्षा-8 तक के इस स्कूल में 67 बच्चे नामांकित हैं। विद्यालय का कोई पक्का भवन नहीं है। टीनशेड के कमरों में ही बच्चों को बैठाया जाता है। बताते हैं कि मंगलवार की सुबह बच्चे अपनी-अपनी कक्षाओं में बैठे हुए थे। इसी बीच विद्यालय के ठीक बगल में स्थित बरगद का पुराने विशाल पेड़ का एक हिस्सा टीनशेड के एक कमरे पर गिर गया। इसकी चपेट में आने से कक्षा-6 की छात्रा अंजली पुत्री मिश्री प्रसाद, निधि पुत्री दिनेश यादव निवासी प्रेम राय टोला और गुड्डी पुत्री देवनाथ प्रजापति निवासी बैकुंठपुर गंभीर रूप से घायल हो गई। आनन-फानन में तीनों को मलबे से निकालकर सीमा से सटे बिहार के सिवान जिले के मैरवा स्थित निजी अस्पताल ले जाया गया। विद्यालय के प्रधानाध्यापक और प्रबंधक घटना के बाद से फरार हो गए।
बिना मान्यता चल रहा था स्कूल
शासन की सख्त हिदायत के बावजूद मान्यता विहीन स्कूलों के संचालन में विभाग की लापरवाही सामने आई है। ग्रामीण क्षेत्रों में फिर से गैर मान्यता वाले स्कूल खुल गए हैं। विभागीय जिम्मेदार इसकी जांच की जरूरत नहीं समझ रहे। अफसरों की सुस्ती का असर बनकटा के बैकुंठपुर गांव की घटना है। खंड शिक्षा अधिकारी पिंगल प्रसाद राणा ने बताया कि विद्यालय को मान्यता नहीं होने के कारण पिछले वर्ष ही बंद करा दिया गया था। फिर से बिना सूचना के अवैध रूप से इसका संचालन शुरू कर दिया गया था। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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बनकटा के बैकुंठपुर गांव के निजी स्कूल में हुआ हादसा
घटना के बाद से प्रबंधक-प्रधानाचार्य भागे, बीईओ ने की जांच
अमर उजाला ब्यूरो
भाटपाररानी। बनकटा ब्लॉक के बैकुंठपुर गांव में संचालित निजी विद्यालय परिसर में टीनशेड के कमरे पर पुराना पेड़ गिर गया। मलबे में दबने से कमरे में पढ़ाई कर रही तीन छात्राएं जख्मी हो गईं। उनका इलाज मैरवा स्थित निजी अस्पताल में कराया गया। सूचना पर शिक्षा विभाग के अफसर मौके पर पहुंच गए। छानबीन में विद्यालय की मान्यता नहीं मिली है। पिछले वर्ष ही इसे बंद करा दिया गया था, बावजूद फिर से इसका संचालन शुरू कर दिया गया। घटना के बाद से प्रबंधक व प्रधानाचार्य भाग गए हैं।
ग्राम बैकुंठपुर में आइडियल पब्लिक स्कूल का संचालन कई वर्षों से होता रहा है। कक्षा-8 तक के इस स्कूल में 67 बच्चे नामांकित हैं। विद्यालय का कोई पक्का भवन नहीं है। टीनशेड के कमरों में ही बच्चों को बैठाया जाता है। बताते हैं कि मंगलवार की सुबह बच्चे अपनी-अपनी कक्षाओं में बैठे हुए थे। इसी बीच विद्यालय के ठीक बगल में स्थित बरगद का पुराने विशाल पेड़ का एक हिस्सा टीनशेड के एक कमरे पर गिर गया। इसकी चपेट में आने से कक्षा-6 की छात्रा अंजली पुत्री मिश्री प्रसाद, निधि पुत्री दिनेश यादव निवासी प्रेम राय टोला और गुड्डी पुत्री देवनाथ प्रजापति निवासी बैकुंठपुर गंभीर रूप से घायल हो गई। आनन-फानन में तीनों को मलबे से निकालकर सीमा से सटे बिहार के सिवान जिले के मैरवा स्थित निजी अस्पताल ले जाया गया। विद्यालय के प्रधानाध्यापक और प्रबंधक घटना के बाद से फरार हो गए।
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बिना मान्यता चल रहा था स्कूल
शासन की सख्त हिदायत के बावजूद मान्यता विहीन स्कूलों के संचालन में विभाग की लापरवाही सामने आई है। ग्रामीण क्षेत्रों में फिर से गैर मान्यता वाले स्कूल खुल गए हैं। विभागीय जिम्मेदार इसकी जांच की जरूरत नहीं समझ रहे। अफसरों की सुस्ती का असर बनकटा के बैकुंठपुर गांव की घटना है। खंड शिक्षा अधिकारी पिंगल प्रसाद राणा ने बताया कि विद्यालय को मान्यता नहीं होने के कारण पिछले वर्ष ही बंद करा दिया गया था। फिर से बिना सूचना के अवैध रूप से इसका संचालन शुरू कर दिया गया था। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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