जिला पंचायत सदस्य समेत दस हिरासत में
मतदान में गड़बड़ी को लेकर शनिवार को कई बूथों पर मारपीट और बवाल हुआ। मझवलिया और चोरडीहा में पुलिस ने लोगों पर लाठीचार्ज कर किया।
पुलिस ने मझवलिया में जिला पंचायत सदस्य, उनके भाई प्रधान प्रत्याशी समेत तीन लोगों को हिरासत में ले लिया। चोरडीहा में लोगों ने एक सिपाही पर एक प्रत्याशी के पक्ष में मतदान करने का आरोप लगाकर हंगामा किया। पुरैनी पतलापुर, बालेपुर में भी मारपीट हुई।
यहां पर सात लोगों को हिरासत में लिया गया है। इसके अलावा कई और बूथों पर भी नोंक झोक की खबर है। हिरासत में लिए गए सभी लोगों का शांति भंग में चालान कर दिया गया है।
खुखुन्दू के मझवलिया बूथ पर सुबह मतदान हो रहा था। करीब 9.50 बजे प्रधान प्रत्याशी पंकज तिवारी और एक अन्य प्रत्याशी के एजेंट के बीच फर्जी वोट डलवाने को लेकर कहासुनी होने लगी। पुलिस ने दोनों पक्षों को अगल करने की कोशिश की। इस बीच लोगों ने एक सिपाही से धक्का मुक्की कर दी। सिपाही की सूचना पर एसडीएम जयप्रकाश, सीओ नीतिन कुमार सिंह सीओ, खुखुन्दू एसओ अंशुमान यदुवंशी मौके पर पहुंचे।
पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। पुलिस का तेवर देख बूथ के करीब मौजूद लोग भाग खड़े हुए। पुलिस ने प्रत्याशी पंकज तिवारी, उनके भाई जिला पंचायत सदस्य कृष्णमणि तिवारी और नरेंद्र तिवारी को हिरासत में ले लिया। कुछ देर के लिए मतदान रूक गया।
चोरडीहा में लोगों ने एक सिपाही पर आरोप लगाया कि वह एक प्रत्याशी के पक्ष में वोट डलवा रहा है। इसकी सूचना प्रेक्षक को दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर लोगों पर लाठी चार्ज कर दिया।
इसमें शत्रुध्न तिवारी समेत कई लोग चोटिल हो गए। नाराज लोगों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। बालेपुर बूथ पर सुबह प्रधान प्रत्याशी आशिक की बेटी वोट देने पहुंची।
एजेंट ने वोटर लिस्ट में नाम न होने की बात कहकर विरोध किया। इसको लेकर दो प्रत्याशियों के समर्थक आमने-सामने हो गए। इसके चलते मतदान ठप हो गया।
एक घंटे बाद पहुंची डीएम अनीता श्रीवास्तव, एसपी पंकज कुमार ने एजेंट शेरू और टिंकू को हिरासत में ले लिया। इसके चलते एक घंटे मतदान प्रभावित रहा।
पतलापुर में भी दो प्रत्याशी समर्थकों के बीच मारपीट हो गई। बूथ पर पहुंचे सीओ और एसडीएम ने विवाद शांत करा एजेंट जीतेंद्र सिंह, मोनू सिंह, प्रहलाद यादव, नंदन भारती को हिरासत में ले लिया।