फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Deoria News ›   council school students have not received sweaters

ठंड बढ़ी, परिषदीय विद्यालय के विद्यार्थियों को अभी तक नहीं मिला स्वेटर

Thu, 05 Nov 2020 11:39 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Thu, 05 Nov 2020 11:39 PM IST
विज्ञापन
council school students have not received sweaters
ठंड बढ़ी, परिषदीय विद्यालय के विद्यार्थियों को अभी तक नहीं मिला स्वेटर
विज्ञापन

देवरिया। जिले के परिषदीय विद्यालयों के 2.27 लाख विद्यार्थियों में अभी तक नए सत्र में स्वेटर का वितरण नहीं हुआ है। 31 अक्तूबर तक इसे वितरित करने का निर्देश शासन से मिला था।
हालांकि जिले के लिए चयनित एजेंसियों ने अभी तक स्वेटर दिया ही नहीं है, यानि पिछले साल की तरह इस बार भी देर से स्वेटर का वितरण होना तय है। हालांकि अभी विद्यार्थी स्कूल नहीं आ रहे हैं, जिससे थोड़ी राहत है। उधर, अधिकारियों का दावा है कि स्वेटर आने के बाद जल्द ही विद्यार्थियों में इसे वितरित कर दिया जाएगा।
विज्ञापन

जनपद के परिषदीय विद्यालयों में सत्र 2020-21 में नामांकित 2.27 लाख विद्यार्थियों को इस बार स्वेटर दिया जाना है। राज्य परियोजना के निर्देश पर जिला क्रय समिति ने जेम पोर्टल पर पंजीकृत फर्मों से इसके लिए टेंडर मांगा था। अंत में 158 रुपये प्रति स्वेटर की दर से आपूर्ति की जिम्मेदारी तीन फर्मों को दी गई। पिछले वर्ष जेम पोर्टल के जरिये ही क्रय किए गए स्वेटर का मूल्य 177 रुपये रखा गया था। फर्मों में यूपिका हैंडलूम को कुल संख्या का 40 प्रतिशत, मयूर सेल्स को 30 प्रतिशत और एसएन ट्रेडर्स को 30 प्रतिशत स्वेटर की आपूर्ति करनी है। शासन का स्पष्ट आदेश था कि 31 अक्तूबर तक प्रदेश के हर जिले में परिषदीय स्कूलों के बच्चों को स्वेटर दे दिया जाए। हालांकि इन फर्मों ने अभी तक एक भी स्वेटर की आपूर्ति नहीं की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

बीएसए संतोष कुमार राय ने बताया कि स्वेटर के लिए तीन फर्मों का चयन किया गया है। स्वेटर मिलने पर 15 नवंबर तक स्वेटर वितरित करने का लक्ष्य रखा गया है। समय से स्वेटर नहीं मिलने पर संबंधित क्रय एजेंसियों को नोटिस जारी किया जाएगा।

पिछले वर्ष स्वेटर लाने लुधियाना भेजे गए थे अधिकारी और कर्मचारी
पिछले साल भी बीएसए कार्यालय के अधिकारियों व पटल देख रहे बाबू की लापरवाही के चलते समय से स्वेटर वितरित नहीं हो पाया था। ऐसे में तत्कालीन बीएसए प्रकाश नारायण श्रीवास्तव ने दो बीईओ, दो जिला समन्वयक सहित कुछ कर्मचारियों व एक ठेकेदार को विभागीय वाहन से लुधियाना भेजा था, ताकि वह संबंधित एजेंसियों से संपर्क कर समय से माल पहुंचाने का प्रबंध करने को कह सके। इस कवायद के बाद नवंबर माह के अंत में स्वेटर वितरित हो पाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed