{"_id":"690ce4eab3b34cb8e7025f8d","slug":"after-the-strictness-of-the-dm-the-name-was-registered-in-the-family-register-deoria-news-c-208-1-sgkp1007-167262-2025-11-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Deoria News: डीएम की सख्ती के बाद परिवार रजिस्टर में दर्ज हुआ नाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Deoria News: डीएम की सख्ती के बाद परिवार रजिस्टर में दर्ज हुआ नाम
Thu, 06 Nov 2025 11:41 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 06 Nov 2025 11:41 PM IST
विज्ञापन
भाटपाररानी। विकासखंड भाटपाररानी के ग्राम पिपरहिया निवासी शुक्ला धोबी पत्नी स्वर्गीय बनारसी धोबी के छह माह के संघर्ष के बाद बृहस्पतिवार को उसका और उसकी पुत्री सुनंदा का नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज हो गया। एडीओ पंचायत राजेश राय ने देर सायं उसकी प्रतिलिपि भी शुक्ला धोबी को उपलब्ध कर दी है।
डीएम की अध्यक्षता में एक नवंबर को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में शुक्ला धोबी तहसील सभागार में फरियाद लेकर पहुंची थीं। डीएम ने इसे गंभीरता से लेते हुए एडीओ पंचायत राजेश राय को एक सप्ताह के अंदर नाम दर्ज करने का आदेश दिया था। साथ ही यह भी चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह में नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज नहीं हुआ तो इसके लिए जिम्मेदार कर्मचारियों को जेल भेजा जाएगा।
जिलाधिकारी के इस आदेश के बाद आनन फानन में परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज करने में जुट गए थे। एडीओ पंचायत ने सेक्रेटरी को आदेश देकर नाम दर्ज करने के बाद उसकी प्रतिलिपि भी शुक्ला धोबी को उपलब्ध करा दी।
विज्ञापन
बता दें कि शुक्ला धोबी पिछले 6 माह से परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज कराने के लिए ब्लॉक से लेकर तहसील तक का चक्कर लगाकर थक गई थीं। अंत में उसने 26 अगस्त को डीएम दिव्या मित्तल को शिकायती पत्र देकर नाम दर्ज कराने की मांग की थी।
विज्ञापन
डीएम की अध्यक्षता में एक नवंबर को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में शुक्ला धोबी तहसील सभागार में फरियाद लेकर पहुंची थीं। डीएम ने इसे गंभीरता से लेते हुए एडीओ पंचायत राजेश राय को एक सप्ताह के अंदर नाम दर्ज करने का आदेश दिया था। साथ ही यह भी चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह में नाम परिवार रजिस्टर में दर्ज नहीं हुआ तो इसके लिए जिम्मेदार कर्मचारियों को जेल भेजा जाएगा।
विज्ञापन
जिलाधिकारी के इस आदेश के बाद आनन फानन में परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज करने में जुट गए थे। एडीओ पंचायत ने सेक्रेटरी को आदेश देकर नाम दर्ज करने के बाद उसकी प्रतिलिपि भी शुक्ला धोबी को उपलब्ध करा दी।
विज्ञापन
बता दें कि शुक्ला धोबी पिछले 6 माह से परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज कराने के लिए ब्लॉक से लेकर तहसील तक का चक्कर लगाकर थक गई थीं। अंत में उसने 26 अगस्त को डीएम दिव्या मित्तल को शिकायती पत्र देकर नाम दर्ज कराने की मांग की थी।