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महीनों से बंद पड़े आवंटित आवासों की जांच शुरू
Updated Fri, 27 Oct 2017 10:18 PM IST
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देवरिया। कांशीराम शहरी आवास योजना के तहत आवंटन के बाद बंद पड़े आवास की जांच दोबारा जांच हो रहा है। इसके लिए डीएम ने तीन टीमें गठित की है। पूर्व में हुए जांच में 144 आवंटित आवास निरस्त किए जा चुके हैं।
मेहड़ा खास और पुलिस लाइंस से सटे कांशीराम शहरी आवास योजना के तहत आवास आवंटित हुआ था। अफसरों की लापरवाही के चलते इसमें अनेक अपात्र लोगों ने आवास आवंटन करा किराए पर दे दिया। दो माह पहले लोगों ने आवास में अराजकतत्वों के निवास करने और गलत आवंटन की शिकायत डीएम से की थी। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए टीम गठित कर जांच कराई। जांच टीम के पकड़ में आया कि 144 ऐसे लोग हैं जो आवास आवंटित कराके किराए पर दे रखा है। इस आधार पर इन आवासों का आवंटन निरस्त कर दिया गया। इसके अलावा अधिकांश आवास में ताला बंद मिला। डीएम ने इस पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि गरीब तपके के लोग आवास में रहते हैं या नहीं, इस बात की दोबारा जांच कराई जाए। डीएम के आदेश पर महीनों से बंद पड़े आवास की जांच अफसर दोबारा कर रहे हैं। डीएम सुजीत कुमार ने बताया कि हो सकता है काम के लिए किसी शहर में लोग आवास में ताला बंद कर गए हो। इसलिए बंद पड़े आवंटित आवासों की जांच का निर्देश दिया गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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मेहड़ा खास और पुलिस लाइंस से सटे कांशीराम शहरी आवास योजना के तहत आवास आवंटित हुआ था। अफसरों की लापरवाही के चलते इसमें अनेक अपात्र लोगों ने आवास आवंटन करा किराए पर दे दिया। दो माह पहले लोगों ने आवास में अराजकतत्वों के निवास करने और गलत आवंटन की शिकायत डीएम से की थी। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए टीम गठित कर जांच कराई। जांच टीम के पकड़ में आया कि 144 ऐसे लोग हैं जो आवास आवंटित कराके किराए पर दे रखा है। इस आधार पर इन आवासों का आवंटन निरस्त कर दिया गया। इसके अलावा अधिकांश आवास में ताला बंद मिला। डीएम ने इस पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि गरीब तपके के लोग आवास में रहते हैं या नहीं, इस बात की दोबारा जांच कराई जाए। डीएम के आदेश पर महीनों से बंद पड़े आवास की जांच अफसर दोबारा कर रहे हैं। डीएम सुजीत कुमार ने बताया कि हो सकता है काम के लिए किसी शहर में लोग आवास में ताला बंद कर गए हो। इसलिए बंद पड़े आवंटित आवासों की जांच का निर्देश दिया गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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