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वादाखिलाफी का आरोप लगाया
Updated Fri, 29 Jun 2018 11:13 PM IST
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शहीद सैनिक सत्यनारायण यादव के मांगो को लेकर बांसपार बैदा गांव के लोगो ने जिला प्रशासन को मांग पत्र सौपा।
- फोटो : amarujala
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देवरिया। मुख्यमंत्री और अफसरों के आश्वासन के बाद भी पैतृक गांव बांसपार बैदा में शहीद सत्यनारायण यादव का स्मारक व तोरणद्वार निर्माण अब तक शुरू होने पर ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे। डीएम को ज्ञापन देकर व्यथा जताई। सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया।
प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि जम्मू के अखनूर बॉर्डर पर आतंकी हमले में बांसपार बैदा गांव निवासी सत्यनारायण यादव शहीद हुए। देश के लिए जान देने के बाद भी शहीद को सम्मान नहीं मिल रहा। मुख्यमंत्री ने घरवालों को आश्वासन दिया था कि वह तेरहवीं से पहले शहीद के गांव आएंगे। शहीद की स्मृति में स्मारक व तोरणद्वार बनवाने का भी भरोसा दिया था। 13 दिन तक तो गांव में ऐसी हलचल रही कि मानों सब कुछ पूरा हो जाएगा, लेकिन उसके बाद से सब ठप पड़ गया है। मुख्यमंत्री भी गांव नहीं आए। इससे शहीद के परिजन सहित पूरा गांव आहत है। दुर्भाग्य है कि देश के लिए शहीद होने वाले जवान के सम्मान की खातिर गांव के लोगों को ज्ञापन देना पड़ रहा है। डीएम सुजीत कुमार ने उन्हें कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रतिनिधिमंडल में शंभूनाथ यादव, अयोध्या यादव, जितेंद्र यादव, राजेश, विपिन, गीता यादव, बलिराम, जयनाथ, रामानंद, नंदलाल आदि मौजूद रहे।
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प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि जम्मू के अखनूर बॉर्डर पर आतंकी हमले में बांसपार बैदा गांव निवासी सत्यनारायण यादव शहीद हुए। देश के लिए जान देने के बाद भी शहीद को सम्मान नहीं मिल रहा। मुख्यमंत्री ने घरवालों को आश्वासन दिया था कि वह तेरहवीं से पहले शहीद के गांव आएंगे। शहीद की स्मृति में स्मारक व तोरणद्वार बनवाने का भी भरोसा दिया था। 13 दिन तक तो गांव में ऐसी हलचल रही कि मानों सब कुछ पूरा हो जाएगा, लेकिन उसके बाद से सब ठप पड़ गया है। मुख्यमंत्री भी गांव नहीं आए। इससे शहीद के परिजन सहित पूरा गांव आहत है। दुर्भाग्य है कि देश के लिए शहीद होने वाले जवान के सम्मान की खातिर गांव के लोगों को ज्ञापन देना पड़ रहा है। डीएम सुजीत कुमार ने उन्हें कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रतिनिधिमंडल में शंभूनाथ यादव, अयोध्या यादव, जितेंद्र यादव, राजेश, विपिन, गीता यादव, बलिराम, जयनाथ, रामानंद, नंदलाल आदि मौजूद रहे।
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