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कलेक्ट्रेट के अधिवक्ताओं का प्रदर्शन
Updated Tue, 27 Jun 2017 10:31 PM IST
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देवरिया। कलेक्ट्रेट के वकीलों ने मंगलवार को प्रदर्शन किया। कहा कि रिकॉर्ड रूम में आग एक साजिश है। घटना का पर्दाफाश कराने में अफसर नाकाम साबित हुए हैं। दोषियों को बचाने में सरकारी तंत्र जुटा है।
जिला कलेक्ट्रेट बार के अध्यक्ष बृजबांके तिवारी और दी कलेक्ट्रेट सेंट्रल के अध्यक्ष राणा सिंह की अगुवाई में वकीलों का जुटान संघ भवन में हुई। भ्रष्टाचार के विरोध में नारेबाजी करते हुए डीएम के कार्यालय के सामने पहुंचें। यहां पर सभा शुरू कर दी। अध्यक्ष बृजबांके तिवारी ने कहा कि कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित विभिन्न दफ्तर में भ्रष्टाचार का बोलबाला है। रिकॉर्ड रूम में बाहरी लोगों का दखल बढ़ गया है। नक्शा और पुष्टिकृत मैप गायब हो गए हैं लेकिन न तो प्रकरण की गहनता से जांच कराई गई। दोषियों को बचाने का खेल शुरू हो गया है। उन्होंने कहा कि इसके पहले कई बार रिकॉर्ड गायब हुए हैं। इस दौरान ललित नारायण पांडेय, घनश्याम तिवारी, अशोक सिंह, संत शरण तिवारी, रामानुज शुक्ल, राकेश मिश्र, श्रीनिवास आदि रहे।
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जिला कलेक्ट्रेट बार के अध्यक्ष बृजबांके तिवारी और दी कलेक्ट्रेट सेंट्रल के अध्यक्ष राणा सिंह की अगुवाई में वकीलों का जुटान संघ भवन में हुई। भ्रष्टाचार के विरोध में नारेबाजी करते हुए डीएम के कार्यालय के सामने पहुंचें। यहां पर सभा शुरू कर दी। अध्यक्ष बृजबांके तिवारी ने कहा कि कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित विभिन्न दफ्तर में भ्रष्टाचार का बोलबाला है। रिकॉर्ड रूम में बाहरी लोगों का दखल बढ़ गया है। नक्शा और पुष्टिकृत मैप गायब हो गए हैं लेकिन न तो प्रकरण की गहनता से जांच कराई गई। दोषियों को बचाने का खेल शुरू हो गया है। उन्होंने कहा कि इसके पहले कई बार रिकॉर्ड गायब हुए हैं। इस दौरान ललित नारायण पांडेय, घनश्याम तिवारी, अशोक सिंह, संत शरण तिवारी, रामानुज शुक्ल, राकेश मिश्र, श्रीनिवास आदि रहे।
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