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13 घंटे बाद पूर्व प्रधान का हुआ अंतिम संस्कार
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ृतक पूर्व प्रधान के दरवाजे पर जुटी लोगों की भीड़
- फोटो : SALEMPUR
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डीएम के आश्वासन पर 13 घंटे बाद पूर्व प्रधान का हुआ अंतिम संस्कार
जंगली पेड़ काटने को लेकर 17 मई को पूर्व प्रधान से हुआ था विवाद
50 लाख रुपये व एक नौकरी के लिए परिवार के लोग कर रहे थे मांग
13 घंटे तक परिवार के लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर धरने पर बैठे थे
संवाद न्यूज एजेंसी
सलेमपुर/मईल। थाना क्षेत्र के गहिला गांव में 46 दिन पूर्व जंगली पेड़ को लेकर पूर्व प्रधान व वर्तमान प्रधान प्रतिनिधि से गांव के कुछ लोगों से विवाद हो गया था। बुधवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। आधी रात को उनका शव गांव पहुंचा तो आक्रोशित लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर अंतिम संस्कार करने से रोक दिया। आरोपियों कि तुरंत गिरफ्तारी व परिवार में एक नौकरी के साथ 50 लाख रुपये की मांग करने लगे। इसकी भनक लगते ही बरहज एसडीएम, सीओ व मईल पुलिस उनके दरवाजे पर पहुंच गई। एसडीएम व सीओ परिवार के लोगों को काफी समझाने का प्रयास किया, लेकिन अंतिम संस्कार करने के तैयार नहीं हुए। मामला बढ़ते देखकर एसडीएम ने डीएम से फोन कर परिवार के लोगों से बात कराई। डीएम के आश्वासन पर 13 घंटे बाद परिवार के लोग पूर्व प्रधान के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।
मईल थाना क्षेत्र के गहिला गांव के चंद्रभान कुशवाहा 17 मई को अर्जुन के पेड़ कटवा रहे थे। पेड़ को अपने जमीन में बताते हुए पूर्व प्रधान व वर्तमान प्रधान प्रतिनिधि सुबाष गुप्ता काटने से मना करने लगे। इसको लेकर दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। इसमें एक पक्ष के कुछ लोगों ने लाठी-डंडा से पूर्व प्रधान के सिर पर प्रहार कर दिया था। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। पूर्व प्रधान का इलाज लखनऊ के केजीएमयू अस्पताल में चल रहा था। बुधवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही लोगों में आक्रोश हो गया। तनाव को देखते हुए सुबह से पुलिस गांव में तैनात हो गई। पोस्टमार्टम के बाद आधी रात करीब 12 बजे पूर्व प्रधान का शव घर पहुंचा तो परिवार के लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। इसकी खबर मिलते ही कई थानों की पुलिस उनके दरवाजे पर पहुंच गई। बरहज एसडीएम गजेंद्र सिंह व सीओ दिनेश सिंह यादव ने परिवार के लोगों को काफी समझाने का प्रयास किया, लेकिन अंतिम संस्कार करने के तैयार नहीं हुए। एसडीएम ने डीएम अमित किशोर से फोन कर परिवार के लोगों से बात कराई। डीएम के आश्वासन के बाद बृहस्पतिवार की दोपहर करीब एक बजे परिवार के लोगों ने पूर्व प्रधान के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए। इस बाबत सीओ दिनेश सिंह यादव ने बताया कि मुकदमे को गंभीर धाराओं में तब्दील कर दिया गया है। आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान पूर्व सांसद गोरख प्रसाद जायसवाल, मुरली जायसवाल, हियुवा नेता संपूर्णानंद गुप्ता, अमरेंद्र गुप्ता, प्रधान संघ जिलाध्यक्ष राजेश मिश्र, भागलपुर ब्लॉक के प्रधान संघ अध्यक्ष गुलाब यादव, चंद्रशेखर प्रधान, अजय कुशवाहा, सुभाष ठाकुर समेत सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
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जंगली पेड़ काटने को लेकर 17 मई को पूर्व प्रधान से हुआ था विवाद
50 लाख रुपये व एक नौकरी के लिए परिवार के लोग कर रहे थे मांग
13 घंटे तक परिवार के लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर धरने पर बैठे थे
संवाद न्यूज एजेंसी
सलेमपुर/मईल। थाना क्षेत्र के गहिला गांव में 46 दिन पूर्व जंगली पेड़ को लेकर पूर्व प्रधान व वर्तमान प्रधान प्रतिनिधि से गांव के कुछ लोगों से विवाद हो गया था। बुधवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। आधी रात को उनका शव गांव पहुंचा तो आक्रोशित लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर अंतिम संस्कार करने से रोक दिया। आरोपियों कि तुरंत गिरफ्तारी व परिवार में एक नौकरी के साथ 50 लाख रुपये की मांग करने लगे। इसकी भनक लगते ही बरहज एसडीएम, सीओ व मईल पुलिस उनके दरवाजे पर पहुंच गई। एसडीएम व सीओ परिवार के लोगों को काफी समझाने का प्रयास किया, लेकिन अंतिम संस्कार करने के तैयार नहीं हुए। मामला बढ़ते देखकर एसडीएम ने डीएम से फोन कर परिवार के लोगों से बात कराई। डीएम के आश्वासन पर 13 घंटे बाद परिवार के लोग पूर्व प्रधान के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।
मईल थाना क्षेत्र के गहिला गांव के चंद्रभान कुशवाहा 17 मई को अर्जुन के पेड़ कटवा रहे थे। पेड़ को अपने जमीन में बताते हुए पूर्व प्रधान व वर्तमान प्रधान प्रतिनिधि सुबाष गुप्ता काटने से मना करने लगे। इसको लेकर दोनों पक्षों में मारपीट हो गई। इसमें एक पक्ष के कुछ लोगों ने लाठी-डंडा से पूर्व प्रधान के सिर पर प्रहार कर दिया था। इससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। पूर्व प्रधान का इलाज लखनऊ के केजीएमयू अस्पताल में चल रहा था। बुधवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही लोगों में आक्रोश हो गया। तनाव को देखते हुए सुबह से पुलिस गांव में तैनात हो गई। पोस्टमार्टम के बाद आधी रात करीब 12 बजे पूर्व प्रधान का शव घर पहुंचा तो परिवार के लोगों ने शव को दरवाजे पर रखकर अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। इसकी खबर मिलते ही कई थानों की पुलिस उनके दरवाजे पर पहुंच गई। बरहज एसडीएम गजेंद्र सिंह व सीओ दिनेश सिंह यादव ने परिवार के लोगों को काफी समझाने का प्रयास किया, लेकिन अंतिम संस्कार करने के तैयार नहीं हुए। एसडीएम ने डीएम अमित किशोर से फोन कर परिवार के लोगों से बात कराई। डीएम के आश्वासन के बाद बृहस्पतिवार की दोपहर करीब एक बजे परिवार के लोगों ने पूर्व प्रधान के अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए। इस बाबत सीओ दिनेश सिंह यादव ने बताया कि मुकदमे को गंभीर धाराओं में तब्दील कर दिया गया है। आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान पूर्व सांसद गोरख प्रसाद जायसवाल, मुरली जायसवाल, हियुवा नेता संपूर्णानंद गुप्ता, अमरेंद्र गुप्ता, प्रधान संघ जिलाध्यक्ष राजेश मिश्र, भागलपुर ब्लॉक के प्रधान संघ अध्यक्ष गुलाब यादव, चंद्रशेखर प्रधान, अजय कुशवाहा, सुभाष ठाकुर समेत सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
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