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वास्तव में गांवों का विकास नहीं हुआ
ब्यूरो/ अमर उजाला, चित्रकूट।
Updated Sat, 02 Jan 2016 11:39 PM IST
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महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय के कृषि शिक्षा परिसर में
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कृषक भवन एवं कृषक प्रशिक्षण केन्द्र का लोकार्पण एवं मृदा परीक्षण
प्रयोगशाला भवन का शिलान्यास भारत सरकार के केंद्रीय राज्य मंत्री गिरिराज
सिंह एवं मध्य प्रदेश शासन के ऊर्जा, खनिज एवं जनसंम्पर्क मंत्री राजेन्द्र
शुक्ल ने किया।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस विश्वविद्यालय के कुलपति विकास की गतिविधियों में पूरी तरह संलग्न रहते हैं। उन्होंने कुलपति प्रो. गौतम के कृषि शिक्षा परिसर को कृषि विश्वविद्यालय के रूप में स्थापित करने पर सहमति दी।
कहा कि नानाजी का नाम लेकर प्रारंभ किया गया कोई भी कार्य सफल होगा। देश की 70 प्रतिशत आबादी गांवों में रहती है। गांवों का विकास होना चाहिए, जबकि देखा जाय तो वास्तव में गांवों का विकास नहीं हुआ।
शहरों के चेहरे खिले और गांवों के चेहरे मुरझा गये हैं। मध्यप्रदेश के ऊर्जा, खनिज एवं जनसम्पर्क मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा मध्यप्रदेश को लाभ का क्षेत्र बनाने के लिए विभिन्न प्रयास किये गये हैं।
पिछले दस वर्षों में प्रदेश में कृषि का विकास हुआ है। उत्पादन बढ़ा है। भारत सरकार ने मध्यप्रदेश शासन को तीन बार कृषि कर्मण पुरस्कार दिया गया है।
कुलपति प्रो0 नरेश चन्द्र गौतम ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि आज बड़ी प्रसन्नता का विषय है। राष्ट्र ऋषि नानाजी द्वारा स्थापित ग्रामोदय विश्वविद्यालय में एक करोड़ बीस लाख की लागत से बने कृषक भवन एवं कृषक प्रशिक्षण केन्द्र का लोकार्पण हुआ। करोड़ बीस लाख की लागत से ही बनने वाले मृदा परीक्षण प्रयोगशाला का शिलान्यास भी किया जा रहा है।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस विश्वविद्यालय के कुलपति विकास की गतिविधियों में पूरी तरह संलग्न रहते हैं। उन्होंने कुलपति प्रो. गौतम के कृषि शिक्षा परिसर को कृषि विश्वविद्यालय के रूप में स्थापित करने पर सहमति दी।
कहा कि नानाजी का नाम लेकर प्रारंभ किया गया कोई भी कार्य सफल होगा। देश की 70 प्रतिशत आबादी गांवों में रहती है। गांवों का विकास होना चाहिए, जबकि देखा जाय तो वास्तव में गांवों का विकास नहीं हुआ।
शहरों के चेहरे खिले और गांवों के चेहरे मुरझा गये हैं। मध्यप्रदेश के ऊर्जा, खनिज एवं जनसम्पर्क मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा मध्यप्रदेश को लाभ का क्षेत्र बनाने के लिए विभिन्न प्रयास किये गये हैं।
पिछले दस वर्षों में प्रदेश में कृषि का विकास हुआ है। उत्पादन बढ़ा है। भारत सरकार ने मध्यप्रदेश शासन को तीन बार कृषि कर्मण पुरस्कार दिया गया है।
कुलपति प्रो0 नरेश चन्द्र गौतम ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि आज बड़ी प्रसन्नता का विषय है। राष्ट्र ऋषि नानाजी द्वारा स्थापित ग्रामोदय विश्वविद्यालय में एक करोड़ बीस लाख की लागत से बने कृषक भवन एवं कृषक प्रशिक्षण केन्द्र का लोकार्पण हुआ। करोड़ बीस लाख की लागत से ही बनने वाले मृदा परीक्षण प्रयोगशाला का शिलान्यास भी किया जा रहा है।