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प्रदेश सरकार का नए साल में तीर्थस्थल को ओवरब्रिज का तोहफा
ब्यूरो/अमर उजाला, चित्रकूट
Updated Mon, 29 Dec 2014 10:48 PM IST
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नया साल जिले के लोगों के लिए जाम से छुटकारा दिला देगा। 2015 में शहरवासियों को सरकार की तरफ से ओवरब्रिज तोहफा मिलेगा! का निर्माण चल रहा है। जिले के प्रभारी मंत्री शिवपाल सिंह यादव के आने के बाद से ओवरब्रिज का काम तेज हो गया है।
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संभावना बन रही है कि चित्रकूट को 2015 में ओवरब्रिज मिल जाएगा। नई बाजार और शंकर बाजार के बीच में बने रेलवे क्रासिंग की वजह से सदैव जाम जैसे हालात रहते हैं।
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जाम लगने से यहां के दुकानदारों को परेशानी होती है। राजापुर, पहाड़ी जाने वाले वाहनों के भी यहां खड़े होने से यह रास्ता लोगों के लिए सिरदर्द बन गया है। मुख्यमंत्री अखिलेश सिंह यादव के यहां आने के बाद ओवरब्रिज की घोषणा होने से स्थानीय लोगों ने राहत की उम्मीद बंधी।
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उप्र राज्य सेतु निगम लिमिटेड की निर्माण इकाई को इस रेल उपरगामी सेतु के निर्माण की जिम्मेदारी मिली। हालांकि ओवरब्रिज के निर्माण का विरोध भी हुआ था, जिस वजह से काम लटक गया। अब इसके निर्माण में फिर तेजी आई है।
मालूम हो कि चार दिन पहले योजना समिति की बैठक में शिरकत करने आए प्रभारी मंत्री शिवपाल यादव ने सांसद भैरो प्रसाद मिश्र के निर्माण की धीमी शिकायत पर सेतु निर्माण निगम के परियोजना प्रबंधक को निलंबित करने का निर्देश दे दिया।
उसके बाद से यहां और तेजी से काम हो रहा है। जब निर्माण शुरू हुआ था तो इसकी लागत लगभग 18 करोड़ थी पर अब देरी होने से इसकी लागत बढ़ गई है। विभागीय जिम्मेदार लागत बढ़ने के संबंध में कुछ नहीं बता रहे हैं। कोठी तालाब से चंद्रकांता इंपोरियम के पहले तक बनने वाले ओवरब्रिज के अगले साल के अंत तक बनने की संभावना है।
सहायक अभियंता दिवाकर का कहना है कि यह नए साल के अंत तक बन जाने की संभावना है। फिलहाल इसके निर्माण कार्य के दौरान लोगों को मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है। शंकर बाजार से ट्रैफिक चौराहा तक आने में लोगों को भैरोपागा होते आना पड़ रहा है।