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‘पैसा सब नहीं, संस्कार संस्कृति ही महत्वपूर्ण’
ब्यूरो/अमर उजाला, हमीरपुर
Updated Wed, 11 Feb 2015 12:17 AM IST
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भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उपक्रम राज्य मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि जीवन में पैसा कमाना ही उद्देश्य नहीं होना चाहिए, पैसा ही सब कुछ नहीं। संस्कार, संस्कृति का सबसे ज्यादा महत्व है। यह बात मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने दीनदयाल शोध संस्थान उद्यमिता विद्यापीठ चित्रकूट के डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग प्रशिक्षण के प्रमाण पत्र वितरण समारोह में कही।
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उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना ही सरकार की प्राथमिकता है। खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग की कई योजनाएं हैं, जिनसे जुड़कर उद्यम स्थापित किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यहां पर जो तकनीक का प्रयोग किया गया है उसे और बढ़ाने की जरूरत है। अच्छा काम नानाजी की प्रेरणा से चल रहा है।
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इसके पूर्व मंत्री ने नानाजी देशमुख के आवास जाकर श्रद्धासुमन अर्पित किए। रामदर्शन, सुरेंद्रपाल विद्यालय, नन्हीं दुनिया, गुरुकुल संकुल देखा। ट्रायवल आवासीय विद्यालय रामनाथ आश्रमशाला के भ्रमण के बाद आरोग्यधाम परिसर में संचालित योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा, हर्बल गार्डन, रसशाला तथा गोवंश विकास एवं अनुसंधान केंद्र को भी देखा।
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दो दिवसीय प्रवास के तहत 11 फरवरी को कृषि विज्ञान केन्द्र मझगवां में नानाजी देशमुख कृषक अवार्ड समारोह में शिरकत करेंगे। इस दौरान बांदा/चित्रकूट के सांसद भैंरो प्रसाद मिश्र, दीनदयाल शोध संस्थान के संगठन सचिव अभय महाजन, केवीआईसी भोपाल के उप निदेशक मौजूद रहे। संचालन चित्रकूट रसशाला के प्रबंधक डॉ. विजयप्रताप सिंह ने किया।