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Chitrakoot News: बंदर के आतंक से बच्चे नहीं जा रहे स्कूल
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शिवरामपुर (चित्रकूट)। कस्बे के लोग इन दिनों बंदर के आतंक से खौफ में हैं। बंदर 12 से अधिक लोगों को काट चुका है। इस कारण लोगों ने छोटे-छोटे बच्चों को स्कूल भेजना बंद कर दिया है। जिला पंचायत, वन विभाग और पशुपालन विभाग बंदर को पकड़ने की एक-दूसरे के ऊपर जिम्मेदारी मढ़ रहे हैं।
आंगनबाड़ी सहायक गीता देवी ने बताया कि कुछ दिन पूर्व बंदर ने आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने वाली अन्या गुप्ता, अंशी और रोशनी को काटकर घायल कर दिया था। बताया कि बंदर के आतंक को लेकर कई बार अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन कोई भी कर्मचारी बंदर पकड़ने नहीं आया। स्टेशन रोड निवासी मन्नू गुप्ता और प्रदीप गुप्ता ने बताया कि बंदर ने मोहल्ले के मनीष गुप्ता, संस्कार अग्रवाल व श्लोक पांडे आदि को काटकर घायल कर चुका है। बताया कि बंदर के आतंक से आमजन को बचाने के लिए जिला पंचायत, वन विभाग और पशु चिकित्सा अधिकारी से गुहार लगाई, लेकिन किसी भी विभाग ने बंदर पकड़वाने की जहमत नहीं उठाई।
वन विभाग के रानीपुर टाइगर रिजर्व के उप निदेशक एनके सिंह ने बताया कि बंदरों को पकड़ने का काम विभाग के अधीन नहीं है। नगर पालिका या जिला पंचायत विभाग को कार्रवाई करानी चाहिए। जिला पंचायत के एमए सुधीर कुमार ने कहा कि इस मामले की जानकारी नहीं है। जल्द ही अधिकारियों से बातचीत कर कार्रवाई करेंगे।
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आंगनबाड़ी सहायक गीता देवी ने बताया कि कुछ दिन पूर्व बंदर ने आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने वाली अन्या गुप्ता, अंशी और रोशनी को काटकर घायल कर दिया था। बताया कि बंदर के आतंक को लेकर कई बार अधिकारियों को अवगत कराया, लेकिन कोई भी कर्मचारी बंदर पकड़ने नहीं आया। स्टेशन रोड निवासी मन्नू गुप्ता और प्रदीप गुप्ता ने बताया कि बंदर ने मोहल्ले के मनीष गुप्ता, संस्कार अग्रवाल व श्लोक पांडे आदि को काटकर घायल कर चुका है। बताया कि बंदर के आतंक से आमजन को बचाने के लिए जिला पंचायत, वन विभाग और पशु चिकित्सा अधिकारी से गुहार लगाई, लेकिन किसी भी विभाग ने बंदर पकड़वाने की जहमत नहीं उठाई।
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वन विभाग के रानीपुर टाइगर रिजर्व के उप निदेशक एनके सिंह ने बताया कि बंदरों को पकड़ने का काम विभाग के अधीन नहीं है। नगर पालिका या जिला पंचायत विभाग को कार्रवाई करानी चाहिए। जिला पंचायत के एमए सुधीर कुमार ने कहा कि इस मामले की जानकारी नहीं है। जल्द ही अधिकारियों से बातचीत कर कार्रवाई करेंगे।
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