कंदवा। क्षेत्र के चिरईगांव स्थित रेरुआ स्वतंत्र फीडर के 33 हजार लाइन में आई तकनीकी खराबी के चलते कर्मनाशा नदी में लगे नौ लिफ्ट कैनालों की बिजली आपूर्ति तीन सप्ताह से बाधित है। इससे सभी लिफ्ट कैनाल ठप हैं। पानी के अभाव में किसान धान की नर्सरी नहीं डाल पा रहे हैं। गुहार के बाद भी खराबी ठीक न कराए जाने से नाराज किसानों ने धरना-प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है।
रेरुआ स्वतंत्र फीडर के 33 हजार लाइन में आई तकनीकी खराबी के चलते कर्मनाशा नदी में लगे नौबतपुर, चारी, मुड्डा, चिरईगांव, धनाइतपुर, अरंगी, अदसड़, ककरैत और करौती में लगे लिफ्ट कैनालों की विद्युत आपूर्ति तीन सप्ताह से बाधित है। इससे किसानों का धान की नर्सरी डालने का कार्य प्रभावित हो रहा है। किसान अजीत सिंह, पिंटू सिंह, पुट्टू सिंह, रविशंकर सिंह, सतीश राय, राजमोहन तिवारी, अजय तिवारी, बृजेश यादव, अशोक यादव आदि का कहना है कि अगर तत्काल गड़बड़ी दूर नहीं होती है तो पानी के अभाव धान की नर्सरी पिछड़ जाएगी। वहीं भारतीय किसान यूनियन भानु के तहसील अध्यक्ष सुमंत सिंह अन्ना सिंह का आरोप है कि स्वतंत्र फीडर बनाने व विद्युतीकरण कराने में ठेकेदार द्वारा दोयम दर्जे के सामानों के प्रयोग के करने के कारण आए दिन डिस्क व इंसुलेटर जल रहे हैं। 15 दिन पूर्व ही लघुडाल विभाग के अधिकारियों को पूरे मामले से अवगत करा दिया गया है लेकिन किसी के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही है।किसान नेताओं ने चेताया कि यदि दो दिनों के अंदर गड़बड़ी दूर नहीं की गई तो वे धरना-प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होंगे।