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योग की सीखी बारीकियां
ब्यूरो/अमर उजाला, चंदौली
Updated Fri, 19 Feb 2016 01:54 AM IST
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दुलहीपुर स्थित सनबीम स्कूल मुगलसराय के मल्टी मीडिया रूम में गुरुवार को
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आयोजित शिविर में छात्र-छात्राओं ने योग की बारीकियां सीखीं।
योगाचार्य डॉ. अमृत लाल गुप्ता की देख-रेख में उनके सहयोगी डॉं. ऋषि कुमार संतोष एवं कोरिया की ईशा ने छात्रों को योगासन के बारे में विस्तार से बताया। योगाचार्य ने छात्रों को योग की विभिन्न मुद्राओं एवं आसनों, उनकी उपयोगिता के विषय में जानकारी दी।
इस क्रम में छात्रों ने प्राणायाम के साथ सूर्य नमस्कार आसन, मकरासन, नौकासन, भुजंगासन, शवासन, बटर फ्लाई आदि आसनों को सीखा। लगभग 24 सालों से योग से जुड़े डॉ. अमृत लाल गुप्ता ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मन को नियंत्रित करने का नाम ही योग है।
। बिहार निवासी योगविज्ञान में पीएचडी डॉ. ऋषि कुमार संतोष ने छात्रों को बताया कि योग न केवल हमें तन और मन से स्वस्थ बनाता है, अपितु योग के क्षेत्र में हमें अनगिनत अवसर भी उपलब्ध कराता है। इस अवसर पर हेड मिस्ट्रेस स्मृति खन्ना ने योग के लाभों पर चर्चा की।
करते हुए कहा कि छात्रों के चतुर्दिक विकास में योग बहुत सहायक सिद्ध हो सकता है। तनाव को कम कर-यह हमारी एकाग्रता को बढ़ाता है। इसका छात्रों के लिए अत्यधिक महत्व है।
योगाचार्य डॉ. अमृत लाल गुप्ता की देख-रेख में उनके सहयोगी डॉं. ऋषि कुमार संतोष एवं कोरिया की ईशा ने छात्रों को योगासन के बारे में विस्तार से बताया। योगाचार्य ने छात्रों को योग की विभिन्न मुद्राओं एवं आसनों, उनकी उपयोगिता के विषय में जानकारी दी।
इस क्रम में छात्रों ने प्राणायाम के साथ सूर्य नमस्कार आसन, मकरासन, नौकासन, भुजंगासन, शवासन, बटर फ्लाई आदि आसनों को सीखा। लगभग 24 सालों से योग से जुड़े डॉ. अमृत लाल गुप्ता ने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मन को नियंत्रित करने का नाम ही योग है।
। बिहार निवासी योगविज्ञान में पीएचडी डॉ. ऋषि कुमार संतोष ने छात्रों को बताया कि योग न केवल हमें तन और मन से स्वस्थ बनाता है, अपितु योग के क्षेत्र में हमें अनगिनत अवसर भी उपलब्ध कराता है। इस अवसर पर हेड मिस्ट्रेस स्मृति खन्ना ने योग के लाभों पर चर्चा की।
करते हुए कहा कि छात्रों के चतुर्दिक विकास में योग बहुत सहायक सिद्ध हो सकता है। तनाव को कम कर-यह हमारी एकाग्रता को बढ़ाता है। इसका छात्रों के लिए अत्यधिक महत्व है।