कंदवा। क्षेत्र में प्रशासनिक लापरवाही के चलते इस वर्ष मात्र एक क्रय केंद्र खुला है। इससे किसानों को गेहूं बेचने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। क्रय केंद्र न खुलने से किसानों को अपने खून-पसीने की गाढ़ी कमाई बिचौलियों के हाथों औने-पौने दामों पर बेचनी पड़ रही है।
थाना क्षेत्र में अब तक चिरईगांव में ही मार्केटिंग का एक मात्र क्रय केंद्र खोला गया है। वहीं बरहनी, परसिया, औरइया, भदखरी, रामपुर, लक्ष्मनपुर, मथुरापुर, महुंजी, परशुरामपुर, अमड़ा, कम्हरिया, कंदवा, कोरमी, अरंगी, अदसड़, ककरैत, करौती, ओयरचक, जलालपुर, तलासपुर, असना, कोदई, कंजेहरा, पई, कुसी आदि गांवों के किसानों की उपज क्रय करने के लिए किसी क्रय केंद्र का निर्धारण नहीं किया गया है। जिससे परेशानी हो रही है। किसान रमेश राय, रविंद्र त्रिपाठी, नीरज सिंह, प्रवीन सिंह, अजय सिंह, संजय सिंह, वेद प्रकाश राय, मुग्गन सिंह आदि का कहना है कि अगर क्षेत्र में पिछले वर्ष की तरह क्रय केंद्र खुले होते और खरीद होती तो किसानों को 2015 रुपये प्रति कुंतल का दाम मिलता लेकिन क्रय केंद्र न खुलने के चलते अधिकांश किसान मात्र 18 सौ रुपये कुंतल गेहूं बिचौलियों को बेचने पर विवश हैं। किसानों का कहना है कि क्षेत्र में क्रय केंद्र को खोलेने के लिए कई बार गुहार लगाई गई लेकिन आज तक क्रय केंद्र नहीं खुला है। उन्होंने क्षेत्र में अधिक संख्या में क्रय केंद्र खोले जाने की मांग की है।