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Chandauli News: दो हजार दीप जलाकर मनाया धम्म ज्योति पर्व
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इलिया। सैदूपुर स्थित बुद्ध विहार महामाया सरोवर का प्रांगण में रविवार की शाम दो हजार दीप जलाकर धम्म ज्योति पर्व मनाया गया। इस दौरान स दौरान भिक्षुओं ने धम्मपाठ किया।
संस्था के अध्यक्ष बलवंत सिंह मौर्य ने बताया कि भगवान बुद्ध को ज्ञान प्राप्त होने के बाद जब वे अपने पिता शुद्धोधन के आमंत्रण पर पहली बार बोधगया से कपिलवस्तु गए थे, तो उनके स्वागत में पूरे नगर को दीपों से सजाया गया था। उसी ऐतिहासिक प्रसंग की स्मृति में प्रतिवर्ष धम्म ज्योति पर्व मनाया जाता है। यह पर्व समाज में प्रकाश, शांति, करुणा और समानता का संदेश देता है।
कार्यक्रम की शुरुआत बुद्ध प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन और पुष्पांजलि अर्पण से हुई। वक्ताओं ने कहा कि आज के समय में धम्म ज्योति पर्व केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि मानवता और सद्भाव का प्रतीक बन चुका है।
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अध्यक्ष बलवंत सिंह मौर्य ने कहा कि भगवान बुद्ध के संदेश आज भी प्रासंगिक है। इस दौरान शरथ मौर्य, वासुदेव मौर्य, लालजी सिंह, मारकंडे मौर्य, लोकपति सिंह मौर्य, संदीप कुमार, क्रांति कुमार मौर्य, रमेश कुमार मौर्य, प्रधानाचार्य उषा सिंह रहीं।
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संस्था के अध्यक्ष बलवंत सिंह मौर्य ने बताया कि भगवान बुद्ध को ज्ञान प्राप्त होने के बाद जब वे अपने पिता शुद्धोधन के आमंत्रण पर पहली बार बोधगया से कपिलवस्तु गए थे, तो उनके स्वागत में पूरे नगर को दीपों से सजाया गया था। उसी ऐतिहासिक प्रसंग की स्मृति में प्रतिवर्ष धम्म ज्योति पर्व मनाया जाता है। यह पर्व समाज में प्रकाश, शांति, करुणा और समानता का संदेश देता है।
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कार्यक्रम की शुरुआत बुद्ध प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन और पुष्पांजलि अर्पण से हुई। वक्ताओं ने कहा कि आज के समय में धम्म ज्योति पर्व केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि मानवता और सद्भाव का प्रतीक बन चुका है।
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अध्यक्ष बलवंत सिंह मौर्य ने कहा कि भगवान बुद्ध के संदेश आज भी प्रासंगिक है। इस दौरान शरथ मौर्य, वासुदेव मौर्य, लालजी सिंह, मारकंडे मौर्य, लोकपति सिंह मौर्य, संदीप कुमार, क्रांति कुमार मौर्य, रमेश कुमार मौर्य, प्रधानाचार्य उषा सिंह रहीं।