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रेलवे अपराधियों का इतिहास दर्ज होगा सीसीटीएनएस में
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पीडीडीयू नगर। क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम (सीसीटीएनएस) में रेलवे अपराधियों का इतिहास भी दर्ज होगा। इसकी मदद से किसी भी अपराधी का विवरण एक क्लिक में सामने आ जाएगा। रेलवे सुरक्षा बल को इस सिस्टम में पहली बार शामिल किया गया है।
बढ़ते अपराध पर रोक लगाने के लिए अपराधियों की हिस्ट्रीशीट तैयार की गई है। अब तक राज्य स्तर पर चल रहे सीसीटीएनएस को कुछ वर्ष पूर्व राष्ट्रीय स्तर पर बना दिया गया। इस तरह पूरे देश का सिस्टम एक हो गया है। राज्य पुलिस के अलावा राजकीय रेलवे पुलिस को इसमें शामिल किया जा चुका है। इसी तरह राष्ट्रीय स्तर पर इंटक्रोप्लेटेबल क्रिमिनल जस्टिश सिस्टम (आईसीजेएस) भी काम कर रहा है। इसमें किसी भी अपराधी के न्यायिक इतिहास की जानकारी रहती है। इसमें भी आरपीएफ को शामिल किया है। इससे एनडीपीएस एक्ट, चोरी, रेल संपत्ति का नुकसान सहित किसी अन्य मामले में गिरफ्तार व्यक्ति का इतिहास सीसीटीएनएस पर डाला जाएगा। आरोपी का नाम, पिता का नाम, माता का नाम, पता, रिश्तेदारों का नाम अपराध सहित अन्य विवरण दर्ज होंगे। इससे देश में कहीं भी उनका इतिहास देखा जा सकेगा। मंडल से पीडीडीयू पोस्ट प्रभारी निरीक्षक बीएन मिश्र को इसके लिए ट्रेनिंग दी गई है। यही नहीं मुगलसराय मंडल में वर्ष 2015 से हुए आपराधिक रिकार्ड को सीसीटीएनएस और न्यायिक विवरण को आईसीजेएस में डाला जा रहा है।
रेलवे सुरक्षा बल ऐसी पहली अर्धसैनिक बल है, जिसे सीसीटीएनएस में शामिल किया गया है। इससे रेलवे अपराधों को रोकने में भी सहायता मिलेगी। पकड़े गए किसी व्यक्ति का पूरा आपराधिक इतिहास एक क्लिक पर सामने होगा। इससे अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई में आसानी हो जाएगी।
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आशीष मिश्र
वरीय मंडल सुरक्षा आयुक्त
मुगलसराय मंडल, पूर्व मध्य रेलवे
बढ़ते अपराध पर रोक लगाने के लिए अपराधियों की हिस्ट्रीशीट तैयार की गई है। अब तक राज्य स्तर पर चल रहे सीसीटीएनएस को कुछ वर्ष पूर्व राष्ट्रीय स्तर पर बना दिया गया। इस तरह पूरे देश का सिस्टम एक हो गया है। राज्य पुलिस के अलावा राजकीय रेलवे पुलिस को इसमें शामिल किया जा चुका है। इसी तरह राष्ट्रीय स्तर पर इंटक्रोप्लेटेबल क्रिमिनल जस्टिश सिस्टम (आईसीजेएस) भी काम कर रहा है। इसमें किसी भी अपराधी के न्यायिक इतिहास की जानकारी रहती है। इसमें भी आरपीएफ को शामिल किया है। इससे एनडीपीएस एक्ट, चोरी, रेल संपत्ति का नुकसान सहित किसी अन्य मामले में गिरफ्तार व्यक्ति का इतिहास सीसीटीएनएस पर डाला जाएगा। आरोपी का नाम, पिता का नाम, माता का नाम, पता, रिश्तेदारों का नाम अपराध सहित अन्य विवरण दर्ज होंगे। इससे देश में कहीं भी उनका इतिहास देखा जा सकेगा। मंडल से पीडीडीयू पोस्ट प्रभारी निरीक्षक बीएन मिश्र को इसके लिए ट्रेनिंग दी गई है। यही नहीं मुगलसराय मंडल में वर्ष 2015 से हुए आपराधिक रिकार्ड को सीसीटीएनएस और न्यायिक विवरण को आईसीजेएस में डाला जा रहा है।
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रेलवे सुरक्षा बल ऐसी पहली अर्धसैनिक बल है, जिसे सीसीटीएनएस में शामिल किया गया है। इससे रेलवे अपराधों को रोकने में भी सहायता मिलेगी। पकड़े गए किसी व्यक्ति का पूरा आपराधिक इतिहास एक क्लिक पर सामने होगा। इससे अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई में आसानी हो जाएगी।
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आशीष मिश्र
वरीय मंडल सुरक्षा आयुक्त
मुगलसराय मंडल, पूर्व मध्य रेलवे