फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   child

गड्ढे में डूबने से दो मासूम की मौत, मची चीख पुकार

Thu, 18 Jul 2019 12:39 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 18 Jul 2019 12:39 AM IST
विज्ञापन
child
पीडीडीयू नगर। मुगलसराय कोतवाली अंतर्गत सैदपुरा गांव में बुधवार की दोपहर घर के बाहर खेलते समय पानी भरे गड्ढे में डूबने से दो मासूमों की मौत हो गई। दोनों बच्चे गृहप्रवेश में शामिल होने के लिए बहादुर चौहान के घर अपने अभिभावकों के साथ आए थे। काफी देर तक दोनों बच्चों के वापस न लौटने पर तलाश की गई तो तालाब में दोनों का शव मिला। दो मासूमों की मौत से खुशी का माहौल मातम में बदल गया। पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिवार वालों ने बिना किसी कानूनी कार्रवाई के शवों का अंतिम संस्कार कर दिया।
विज्ञापन

क्षेत्र के सैदपुरा गांव बहादुर चौहान के घर गृह प्रवेश का कार्यक्रम चल रहा था। इसमें शामिल होने के लिए रोहित (8) पुत्र रामअवतार चौहान निवासी एकौनी बबुरी और दीपक कुमार चौहान (7) पुत्र मनु चौहान निवासी मिल्कोपुर थाना चौबेपुर वाराणसी आए थे। दोपहर बाद करीब तीन बजे खेलते-खेलते दोनों बच्चे घर से कुछ दूर बने गड्ढे के पास गए और पैर फिसलने की वजह से पानी में गिर गए। काफी देर के बाद भी दोनों बच्चों के घर वापस न लौटने पर परिवार वालों को चिंता हुई और खोजबीन शुरू की। परिवार के लोग गड्ढे के पास गए तो पैरों के निशान मिले। आशंका पर गड्ढ़े में ढूंढा गया तो दोनों बच्चों के शव मिले। दोनों का शव बाहर निकलते ही परिवारीजनों में कोहराम मच गया। खुशी का माहौल गम में तब्दील हो गया। कलेजे के टूकड़े को मृत देख रोहित की माता रेनू और दीपक की मां सरोज बेसुध होकर गिर पड़ी। दो मासूमों का शव देखकर हर किसी की आंखें नम हो गई। सूचना पाकर दोनों बच्चों के पिता भी मौके पर पहुंचे और अपने लाल को मृत देख कर अचेत हो गए। सूचना पाकर मुगलसराय कोतवाल शिवानंद मिश्र भी पहुंच गए। हालांकि परिवार वालों ने किसी प्रकार की भी कानूनी कार्रवाई करने से मना कर दिया और शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
विज्ञापन

पीडीडीयू नगर। मुगलसराय कोतवाली के गंगा के तटवर्ती इलाकों में खनन माफियाओं की मनमानी चलती है। खनन के लिए खोदे गए गड्ढे में डूबकर बुधवार को दो मासूम की मौत हो गई। इस घटना को लेकर जहां लोगों में गम का माहौल रहा वहीं लोग पुलिस की निष्क्रियता पर आक्रोशित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

ग्रामीणों का कहना है कि सैदपुरा गांव में गड्ढे में डूबने से दो मासूम बच्चों की मौत का मुख्य कारण खनन माफियाओं पर अंकुश न लगाना है। ग्रामीण बार-बार खनन की शिकायत प्रशासन से करते रहे लेकिन विभागीय अधिकारी मौन रहे। इलाके में खनन की स्थिति यह है कि आबादी वाले क्षेत्र में खेत, मकान, हैंडपंप, कु एं के किनारे भी खुदाई करने से बाज नहीं आते। दस से 12 फीट तक खुदाई से जगह- जगह खतरनाक गड्ढे बन गए हैं। बारिश के बाद गड्ढों में पानी भर गया है। यदि मकान से सटे इस तरह गड्ढा खोदकर नहीं छोड़ा गया होता तो शायद मासूमों की जान नहीं जाती।

पीडीडीयू नगर। रोहित व दीपक को क्या पता कि बुआ और मौसी के घर गृह प्रवेश के बहाने मौत खींचकर ला रही है। अभी एक दिन पूर्व ही दोनों माता पिता के साथ सैदपुरा गांव पहुंचे थे। गृह प्रवेश की खुशी में सभी लोग डूबे थे। दोनों बच्चे ढभी हम उम्र साथियों के साथ खेलने में मस्त थे। बुधवार को घर में पूजा पाठ चल रहा था। इसी बीच दीपक और रोहित अपने खेल में मशगुल धर से बाहर निकल गए। दोनों बच्चे तीसरी कक्षा में पढ़ते थे। घटना के बाद पूरे गांव में चूल्हे नहीं जले।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed