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पराली जलाने पर लगी रोक के विरोध में आए किसान
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इलिया। खेतों में बची फसलों के अवशेष (पराली) जलाने को लेकर प्रशासन की ओर से लगाए गए प्रतिबंध के विरोध में क्षेत्र के किसान लामबंद होने लगे हैं। प्रशासन के निर्णय पर पुनर्विचार न करने पर किसानों ने आंदोलन करने की चेतावनी दी है। साथ ही 26 नवंबर, मंगलवार को भिटीयां गांव स्थित शिव मंदिर पर किसान विकास मंच के बैनर तले किसानों की बैठक करने का निर्णय लिया।
इसकी जानकारी देते हुए किसान विकास मंच के अध्यक्ष जैराम सिंह ने कहा कि पराली जलाने पर प्रशासन द्वारा जुर्माना लगाने व मुकदमा दर्ज कराने की प्रक्रिया गलत है। इस निर्णय से किसानों की फसलों के अवशेष खेतों में पड़े हुई हैं। प्रशासन की कार्रवाई के भय से किसानों की समझ में नहीं आ रहा है कि पराली से वे कैसे छुटकारा पाएं। पराली के खेतों में पड़े रहने से रबी के फसलों की बोआई में विलंब हो रहा है। चेतावनी दी कि समय रहते प्रशासन ने समस्या का हल नहीं निकाला तो किसान विशाल पैमाने पर आंदोलन करेने को बाध्य होंगे। संवाद
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इसकी जानकारी देते हुए किसान विकास मंच के अध्यक्ष जैराम सिंह ने कहा कि पराली जलाने पर प्रशासन द्वारा जुर्माना लगाने व मुकदमा दर्ज कराने की प्रक्रिया गलत है। इस निर्णय से किसानों की फसलों के अवशेष खेतों में पड़े हुई हैं। प्रशासन की कार्रवाई के भय से किसानों की समझ में नहीं आ रहा है कि पराली से वे कैसे छुटकारा पाएं। पराली के खेतों में पड़े रहने से रबी के फसलों की बोआई में विलंब हो रहा है। चेतावनी दी कि समय रहते प्रशासन ने समस्या का हल नहीं निकाला तो किसान विशाल पैमाने पर आंदोलन करेने को बाध्य होंगे। संवाद
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