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देवी मंदिरों में मां कुष्मांड की हुई पूजा अर्चना
Updated Mon, 25 Sep 2017 01:11 AM IST
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मुगलसराय। शक्ति उपासकों के महापर्व शारदीय नवरात्र के चौथेदिन रविवार को माता के चौथे स्वरूप माता कुष्मांडा की पूजा अर्चना की गई। भक्तों ने माता की पूजा अर्चना कर अभिष्ट की कामना की। दर्शन पूजन के लिए देवी मंदिरों में भक्तों की भीड़ रही। दिन भर मंदिरों पर माता के जयकारे होते रहे। शाम को देवी मंदिरों पर भजन कीर्तन का सिलसिला शुरू हुआ तो देर रात तक चला।
नगर के जीटी रोड स्थित प्राचीन काली मंदिर, रविनगर, नई बस्ती, कैलाशपुरी, शाहकुटी, कैथापुर, परशुरामपुर, अमोघपुर, गल्ला मंडी, एलबीएस पार्क स्थित संकट हरण दरबार सहित विभिन्न देवी मंदिरों में सूर्योदय के पहले ही भक्तों की भीड़ जुट गई।े इसी तरह रेलवे कालोनी के आरपीएफ कालोनी, गया कालोनी, प्लांट डिपो, लोको कालोनी, यूरोपियन कालोनी, डीजल कालोनी सहित विभिन्न कालोनियों में स्थित मंदिरों पर भक्तों ने शीश नवाए और विधि विधान से माता की पूजा अर्चना की। इस दौरान देवी मंदिरों को विद्युत झालरों और फूल मालाओं से सजाया गया। लाउडस्पीकर पर देवी गीतों की महिमा का बखान किया गया। इससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय रहा।
मुगलसराय। आदि शक्ति उपासकों का महापर्व शारदीय नवरारात्र में मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। जिले भर में करीब दो सौ स्थानों पर मां दुर्गा, माता लक्ष्मी, माता सरस्वती, भगवान गणेश और कार्तिकेय की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। ऐसे में मूर्ति कारखानों में कलाकार मूर्तियों को अंतिम रूप देने जुट गए हैं। नगर के नई बस्ती स्थित कुम्हार बस्ती में तीन सौ से अधिक मूर्तियां तैयार की गई है। कलाकारों की माने तो इस वर्ष पिछले वर्ष के मुुकाबले मूर्तियों की कीमत 10 से 15 फीसदी बढ़ी है।
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शारदीय नवरात्र में भव्य पंडालों में दुर्गा प्रतिमा स्थापित कर तीन दिनों तक पूजा अर्चना की जाएगी। 27 सितंबर को महासप्तमी पर दुर्गा पूजा मेला की शुरूआत हो जाएगी। इसके पूर्व 26 सितंबर को कुम्हार बस्तियों से मूर्तियां पंडालों में पहुंचाई जाएगी। नई बस्ती कुम्हार बस्ती में मूर्ति निर्माण में लगे दुर्गा, सत्या, अशोक प्रजापति ने बताया कि महंगाई की वजह से मूर्तियों के निर्माण में दिक्कत आ रही है। इस वर्ष 3000 से 50 हजार तक की मूर्तियों का निर्माण किया जा रहा है। यहां से मूर्तियां नगर के अलावा चंदौली, सैयदराजा, जमानियां, दिलदारनगर, बक्सर, वाराणसी सहित पूरे पूर्वांचल में आती है। वर्तमान में यहां रहने वाले तीस से अधिक परिवार के सदस्यों ने तीन सौ से अधिक मूर्तियों का निर्माण किया है। बताया कि बास, पुआल, मिट्टी आदि से ढांचा निर्माण के बाद उसे रंगा गया है और अब चेहरे को अंतिम टच दिया जा रहा है। बताया कि कुछ स्थानों पर तो पहले दिन ही पूजा आयोजक मूर्तियां ले गए। वहां दस दिनों तक माता शेरेवाली की पूजा की जाएगी।
मुगलसराय(ब्यूरो)। तीन दिवसीय दुर्गा पूजा मेला की शुरूआत 27 बुधवार से हो रही है। महासप्तमी, महाष्टमी और महानवमी पर दर्शनार्थियों पूजा पंडालों में दर्शनार्थियों की भीड़ रहेगी। तमाम सड़कें खराब हैं और गड्ढे हैं। बारिश के बाद सड़कों की स्थिति और दयनीय हो गई है। ग्रामीण क्षेत्र ही नहीं नगर की सड़कों का भी हाल बेहाल है। नगर में चाहे पालिका क्षेत्र हो अथवा रेलवे क्षेत्र की सड़कों का हाल बेहाल है। नगर के शाहकुटी नई सट्टी मार्ग, रजत जयंती मार्ग स्थिति बदहाल है। रेलवे के आरपीएफ कालोनी, लोको कालोनी से अमोघपुर जाने वाले मार्ग की स्थिति ठीक नहीं हैँ। सिकटिया मार्ग और प्लांटडिपो के रास्ते पर गड्ढे ही गड्ढे हैं। यही नहीं महमूदपुर, अलीनगर इलाके की सड़क भी दयनीय है।
नगर के जीटी रोड स्थित प्राचीन काली मंदिर, रविनगर, नई बस्ती, कैलाशपुरी, शाहकुटी, कैथापुर, परशुरामपुर, अमोघपुर, गल्ला मंडी, एलबीएस पार्क स्थित संकट हरण दरबार सहित विभिन्न देवी मंदिरों में सूर्योदय के पहले ही भक्तों की भीड़ जुट गई।े इसी तरह रेलवे कालोनी के आरपीएफ कालोनी, गया कालोनी, प्लांट डिपो, लोको कालोनी, यूरोपियन कालोनी, डीजल कालोनी सहित विभिन्न कालोनियों में स्थित मंदिरों पर भक्तों ने शीश नवाए और विधि विधान से माता की पूजा अर्चना की। इस दौरान देवी मंदिरों को विद्युत झालरों और फूल मालाओं से सजाया गया। लाउडस्पीकर पर देवी गीतों की महिमा का बखान किया गया। इससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय रहा।
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मुगलसराय। आदि शक्ति उपासकों का महापर्व शारदीय नवरारात्र में मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। जिले भर में करीब दो सौ स्थानों पर मां दुर्गा, माता लक्ष्मी, माता सरस्वती, भगवान गणेश और कार्तिकेय की प्रतिमा स्थापित की जाएगी। ऐसे में मूर्ति कारखानों में कलाकार मूर्तियों को अंतिम रूप देने जुट गए हैं। नगर के नई बस्ती स्थित कुम्हार बस्ती में तीन सौ से अधिक मूर्तियां तैयार की गई है। कलाकारों की माने तो इस वर्ष पिछले वर्ष के मुुकाबले मूर्तियों की कीमत 10 से 15 फीसदी बढ़ी है।
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शारदीय नवरात्र में भव्य पंडालों में दुर्गा प्रतिमा स्थापित कर तीन दिनों तक पूजा अर्चना की जाएगी। 27 सितंबर को महासप्तमी पर दुर्गा पूजा मेला की शुरूआत हो जाएगी। इसके पूर्व 26 सितंबर को कुम्हार बस्तियों से मूर्तियां पंडालों में पहुंचाई जाएगी। नई बस्ती कुम्हार बस्ती में मूर्ति निर्माण में लगे दुर्गा, सत्या, अशोक प्रजापति ने बताया कि महंगाई की वजह से मूर्तियों के निर्माण में दिक्कत आ रही है। इस वर्ष 3000 से 50 हजार तक की मूर्तियों का निर्माण किया जा रहा है। यहां से मूर्तियां नगर के अलावा चंदौली, सैयदराजा, जमानियां, दिलदारनगर, बक्सर, वाराणसी सहित पूरे पूर्वांचल में आती है। वर्तमान में यहां रहने वाले तीस से अधिक परिवार के सदस्यों ने तीन सौ से अधिक मूर्तियों का निर्माण किया है। बताया कि बास, पुआल, मिट्टी आदि से ढांचा निर्माण के बाद उसे रंगा गया है और अब चेहरे को अंतिम टच दिया जा रहा है। बताया कि कुछ स्थानों पर तो पहले दिन ही पूजा आयोजक मूर्तियां ले गए। वहां दस दिनों तक माता शेरेवाली की पूजा की जाएगी।
मुगलसराय(ब्यूरो)। तीन दिवसीय दुर्गा पूजा मेला की शुरूआत 27 बुधवार से हो रही है। महासप्तमी, महाष्टमी और महानवमी पर दर्शनार्थियों पूजा पंडालों में दर्शनार्थियों की भीड़ रहेगी। तमाम सड़कें खराब हैं और गड्ढे हैं। बारिश के बाद सड़कों की स्थिति और दयनीय हो गई है। ग्रामीण क्षेत्र ही नहीं नगर की सड़कों का भी हाल बेहाल है। नगर में चाहे पालिका क्षेत्र हो अथवा रेलवे क्षेत्र की सड़कों का हाल बेहाल है। नगर के शाहकुटी नई सट्टी मार्ग, रजत जयंती मार्ग स्थिति बदहाल है। रेलवे के आरपीएफ कालोनी, लोको कालोनी से अमोघपुर जाने वाले मार्ग की स्थिति ठीक नहीं हैँ। सिकटिया मार्ग और प्लांटडिपो के रास्ते पर गड्ढे ही गड्ढे हैं। यही नहीं महमूदपुर, अलीनगर इलाके की सड़क भी दयनीय है।