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सरकारी जमीन पर बोई गई फसल पर चला हारवेस्टर
Updated Mon, 03 Dec 2018 12:15 AM IST
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चंदौली। क्षेत्र के जसूरी गांव में डीएम के नाम दर्ज जमीन पर कुछ लोगों द्वारा रोपी गई धान की फसल को रविवार को तहसील प्रशासन ने कटवाकर अपने कब्जे में लिया। करीब एक दशक से इस जमीन पर कुछ लोगों ने कब्जा जमा रखा था। डीएम नवनीत सिंह चहल की सख्ती और कड़े रुख के बाद अधिकारियों ने रविवार को धान की फसल को कटवा दिया। इस दौरान मौके पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम काफी संख्या में मुस्तैद रही।
क्षेत्र के जसूरी गांव के सिवान में कबीर मठ की 40 बीघे जमीन सरकारी अभिलेख में जिलाधिकारी चंदौली के नाम से दर्ज है। लेकिन तहसील प्रशासन के सुस्ती के चलते कुछ लोग पिछले एक दशक से उस जमीन पर खेती-बारी कर रहे थे। आलम यह रहा कि भू-माफियाओं ने करीब 15 लाख में उस जमीन को किसानों को भूमि गिरवी रख दी। छह माह पहले मामला संज्ञान में आने के बाद अधिकारियों में खलबली मच गई। कई बार तहसील प्रशासन ने डीएम की जमीन को कब्जा मुक्त कराने की पहल भी की, लेकिन राजनीतिक दबाव और किसानों के विरोध के चलते कामयाबी नहीं मिली। दो दिन पहले कब्जा करने गए अधिकारियों को विरोध के चलते बैरंग वापस लौटना पड़ा था। हालांकि रविवार को डीएम के कड़े रुख के बाद किसी की नहीं चली और उनके निर्देश के बाद सदर तहसीलदार फूलचंद यादव भारी पुलिस फोर्स के साथ उस जमीन पर लगाई गई धान की फसल को कटवाने के लिए मौके पर पहुंच गए। कंबाईन हार्वेस्टर के द्वारा लगभग 16 बीघा में लगाए गए धान की फसल को कटवाकर अधिकारियों ने कब्जे में लिया। सदर तहसीलदार फूलचंद्र यादव ने बताया कि अनाज को नवीन कृषि मंडी स्थित धान क्रय केंद्र पर बेचकर धनराशि को नजारत में जमा कराई जाएगी।
क्षेत्र के जसूरी गांव के सिवान में कबीर मठ की 40 बीघे जमीन सरकारी अभिलेख में जिलाधिकारी चंदौली के नाम से दर्ज है। लेकिन तहसील प्रशासन के सुस्ती के चलते कुछ लोग पिछले एक दशक से उस जमीन पर खेती-बारी कर रहे थे। आलम यह रहा कि भू-माफियाओं ने करीब 15 लाख में उस जमीन को किसानों को भूमि गिरवी रख दी। छह माह पहले मामला संज्ञान में आने के बाद अधिकारियों में खलबली मच गई। कई बार तहसील प्रशासन ने डीएम की जमीन को कब्जा मुक्त कराने की पहल भी की, लेकिन राजनीतिक दबाव और किसानों के विरोध के चलते कामयाबी नहीं मिली। दो दिन पहले कब्जा करने गए अधिकारियों को विरोध के चलते बैरंग वापस लौटना पड़ा था। हालांकि रविवार को डीएम के कड़े रुख के बाद किसी की नहीं चली और उनके निर्देश के बाद सदर तहसीलदार फूलचंद यादव भारी पुलिस फोर्स के साथ उस जमीन पर लगाई गई धान की फसल को कटवाने के लिए मौके पर पहुंच गए। कंबाईन हार्वेस्टर के द्वारा लगभग 16 बीघा में लगाए गए धान की फसल को कटवाकर अधिकारियों ने कब्जे में लिया। सदर तहसीलदार फूलचंद्र यादव ने बताया कि अनाज को नवीन कृषि मंडी स्थित धान क्रय केंद्र पर बेचकर धनराशि को नजारत में जमा कराई जाएगी।
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