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आलू की फसल को पाला से बचाएं किसान
Updated Mon, 25 Dec 2017 01:13 AM IST
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चंदौली। तापमान में गिरावट से किसानों को आलू की फसल पर पाला के प्रकोप की चिंता सताने लगी है। ऐसे में किसान कृषि वैज्ञानिकों की सलाह पर अमल कर अपनी फसल को पाला के प्रकोप से बचा सकते हैं। उद्यान वैज्ञानिक गौरीशंकर वर्मा ने बताया कि पौधों को पाला से बचाने के लिए किसान खेतों में नमी बनाए रखें। सिंचाई के बाद पौधों के उपर छप्पर अथवा पाली हाउस बनाकर पाला से बचाया जा सकता है। आलू में 10 से 15 दिनों से अंतराल पर सिंचाई करते रहें। इससे फसल में पाला व झुलसा रोग का प्रकोप नहीं होगा। सरसो में माहो रोग के नियंत्रण के लिए मैंकोजेब और कास्केमिठान का 2 ग्राम एक लीटर पानी में घोल बनाकर 80 से 10 दिनों के अंतराल पर छिड़काव करते रहें। इससे रोग से नियंत्रण मिलने के साथ ही पौधे पुष्ट होंगे। वहीं उत्पादन भी भरपूर होगा। उन्होंने किसानों को मटर की दो बार हल्की सिंचाई करने की सलाह दी। वहीं टमाटर, मिर्च और आम सहित अन्य बागवानी फसलों की सही ढंग से देखभाल और समय-समय पर सिंचाई की सलाह दी। ताकि फसल को रोग व कीटों के प्रकोप से बचाया जा सके।