{"_id":"5c27c88abdec2256bd3cf4dc","slug":"111546111114-chandauli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सदर, नौगढ़ व नियामताबाद प्रभारियों को नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सदर, नौगढ़ व नियामताबाद प्रभारियों को नोटिस
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
चंदौली। जिला स्वास्थ्य समिति की शनिवार को कलेक्ट्रेट में हुई बैठक में डीएम नवनीत सिंह चहल तेवर में थे। चंदौली सदर, नौगढ़ व नियामताबाद के प्रभारी चिकित्साधिकारी द्वारा प्रसव होने के बाद जच्चा-बच्चा को बिना एंबुलेंस से घर भेजे जाने की शिकायत पर नाराजगी जताई। साथ ही तीन दिन में स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया। चेताया कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आगे से शिकायत मिली तो कड़ी कार्रवाई होगी। इसके अलावा उन्होंने सीएमओ डा.पीके मिश्र को निर्देश दिया कि आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों के इलाज में किसी प्रकार की परेशानी न होने पाए।
डीएम ने कहा जो आशा अपने कार्य में रुचि नहीं ले रही हों व प्रसव के लक्ष्य को पूर्ण करने में बहानेबाजी कर रही हों तो उनके खिलाफ कार्रवाई कर अवगत कराएं। जेएसवाई व आशा भुगतान की स्थिति खराब होने पर सभी प्रभारी चिकित्साधिकारी को फटकार लगाई। हिदायत दी कि जेएसवाई व आशा भुगतान किसी भी दशा में लंबित न रहे यदि शिकायवत मिली तो कार्रवाई सुनिश्चित है। डीएम ने सभी चिकित्साधिकारियों को निर्देश दिया कि मरीजों के इलाज में किसी भी हालत में जेनेरिक दवा का ही प्रयोग किया जाए। किसी केन्द्र पर जेनेरिक दवा की कमी हो तो इसकी सूची बनाकर अविलंब अवगत कराए, ताकि शासन को इसकी सूचना भेजी जा सके साथ ही दो सप्ताह में थर्मामीटर क्रय कर जनपद के समस्त सभी आशाओं को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इस दौरान सीएमओ डा.पीके मिश्रा, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. एके सिंह रहे।
डीएम ने कहा जो आशा अपने कार्य में रुचि नहीं ले रही हों व प्रसव के लक्ष्य को पूर्ण करने में बहानेबाजी कर रही हों तो उनके खिलाफ कार्रवाई कर अवगत कराएं। जेएसवाई व आशा भुगतान की स्थिति खराब होने पर सभी प्रभारी चिकित्साधिकारी को फटकार लगाई। हिदायत दी कि जेएसवाई व आशा भुगतान किसी भी दशा में लंबित न रहे यदि शिकायवत मिली तो कार्रवाई सुनिश्चित है। डीएम ने सभी चिकित्साधिकारियों को निर्देश दिया कि मरीजों के इलाज में किसी भी हालत में जेनेरिक दवा का ही प्रयोग किया जाए। किसी केन्द्र पर जेनेरिक दवा की कमी हो तो इसकी सूची बनाकर अविलंब अवगत कराए, ताकि शासन को इसकी सूचना भेजी जा सके साथ ही दो सप्ताह में थर्मामीटर क्रय कर जनपद के समस्त सभी आशाओं को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इस दौरान सीएमओ डा.पीके मिश्रा, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. एके सिंह रहे।
विज्ञापन