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ग्राम सधारनपुर भी कैंसर की चपेट में आठ माह में सात मौतें, कई पीड़ित
देवेंद्र अग्रवाल, बुलंदशहर
Updated Sun, 05 Mar 2017 11:46 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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क्षेत्र में जलीय प्रदूषण झेल रहे उस्तरा गांव की तरह थाना क्षेत्र के ग्राम सधारनपुर में भी कैंसर और हेपेटाइटिस जैसी बीमारियों के कई पीड़ित मिले हैं। इस गांव में आठ माह के भीतर कैंसर से सात मौतें हो चुकी हैं तथा कई लोग मौत से संघर्ष कर रहे हैं। ग्राम सधारनपुर निवासी इस त्रासदी के लिए गांव में जल प्रदुषित जल को जिम्मेदार मानते हैं।
ग्रामीणों किशोर कुमार, ललित, सचिन, नरेश कुमार, अनूप सिंह, नरेंद्र, सुंदर सिंह आदि ने बताया कि गांव के पास काली नदी तथा गांव में स्थित गंदे तालाब के कारण हैंडपंपों का पानी भी दूषित हो गया है। गांव में ज्यादातर लोग शुद्ध पेयजल की व्यवस्था करने में असमर्थ हैं तथा इन्हीं हैंडपंपों का पानी पीने को मजबूर हैं।
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गांव में चारपाई पर बैठे एक कैंसर पीड़ित इस्लामुद्दीन (58) पुत्र चांद खां का ग्रामीण हालचाल जानने के लिए बैठे थे। इस्लामुद्दीन ने हमें बताया कि वह तीन साल से कैंसर से पीड़ित हैं। इलाज में 24 लाख रुपये खर्च हो चुके हैं। वर्तमान में उन पर भारी कर्जा है। इस्लामुद्दीन ने बताया कि गत आठ माह के दौरान गांव के सात लोगों की कैंसर से मौत हो गई है।
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इनमें ब्रहमवती (65) पत्नी सुखवीर सिंह और सुंदरपाल (55) पुत्र शीशराम की करीब सात माह पूर्व मौत हुई। इलाज में सुंदरपाल की सारी जमीन बिक गई। चिरंजीलाल(60) पुत्र कंचन सिंह जिनकी छह माह पूर्व मौत हुई। करन सिंह (58) पुत्र छुट्टन सिंह और शमसुद्दीन (54) पुत्र छज्जू खां की पांच माह पूर्व मौत हुई।
जयपाल सिंह (56) पुत्र भूले सिंह की तीन माह पूर्व मौत हुई। कमलेश (45) पत्नी जतन सिंह की करीब 9 माह पूर्व मौत हुई। इनके अतिरिक्त जो लोग प्रदुषित पानी के कारण गंभीर बीमारियों से ग्रस्त हैं उनमें मंजूर (50) पुत्र बदलू के लीवर में गांठ है। गोपी (50) पुत्र रोलिया के लीवर में भी गांठ हैं। मोहब्बत (45) पुत्र बशीर भी गंभीर बीमारी से जूझ रहा है।
महीनों पहले लिए गए सैंपल रिपोर्ट अब तक नहीं आई
कई माह पूर्व हैंडपंपों के पानी के सैंपल लिए गए, परंतु उनकी रिपोर्ट अभी तक प्राप्त नहीं हुई है। इस बारे में कई बार प्रशासन से शिकायत की गई लेकिन पानी के प्रदूषण पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
पानी की कराई जाएगी जांच
गांव में पानी की जांच करवाई जाएगी। जल्द ही नमूना लेने के लिए टीमें रवाना होगी। पानी दूषित होने की स्थिति में स्वच्छ पेयजल का इंतजाम भी करवाया जाएगा। -अरुण कुमार यादव, एसडीएम सदर
गांव में कैंसर से मौतों तथा गंभीर बीमारियों का कारण प्रदूषित पानी है। जो काली नदी तथा गांव के तालाब से होता है। -नत्थू सिंह,ग्राम प्रधान
गांव में मेडिकल टीम भेजकर जांच कराएंगे कि बीमारी का कारण क्या है। पानी के नमूने भी लिए जाएंगे।- डॉ. दीपक ओहरी, सीएमओ