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दूषित पानी से प्यास बुझा रहे ग्रामीण
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Sat, 09 Apr 2016 10:41 PM IST
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पानी
- फोटो : अमर उजाला
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जनपद के सात गांवों में हजारों ग्रामीण दूषित पेयजल से प्यास बुझा रहे हैं। प्रभावित छह गांवों में तो बाकायदा जल निगम की ओर से ओवरहेड टैंकों का निर्माण कराकर पानी की सप्लाई के लिए पाइपलाइन बिछाई गई थी। प्रोजेक्ट पर करोड़ों रुपये खर्च करने के बाद भी टंकियों से पानी की आपूर्ति शुरू नहीं हुई। नतीजतन, आज भी इन गांवों में ग्रामीण दूषित पानी का सेवन कर जान जोखिम में डाल रहे हैं।
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सिकंदराबाद औद्योगिक क्षेत्र स्थित गांव हृदयपुर, सांवली, शेरपुर, तिल बेगमपुर, जोखाबाद, गोपालपुर और गुलावठी के गांव नवादा में पानी दूषित हो चुका है। पानी में आयरन की मात्रा सामान्य से अधिक पाई गई है। इसके चलते हृदयपुर, सांवली, शेरपुर, तिल बेगमपुर, जोखाबाद, गोपालपुर में वर्ष 2008-09 में पानी की टंकियों का निर्माण किया गया। ताकि ग्रामीणों को शुद्ध पानी मिलता रहे। खास बात यह है कि इन गांवोें में पानी की टंकियों का संचालन ही नहीं हो सका।
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गौरतलब है कि पानी की सैंपलिंग ग्राम पंचायत स्तर पर की गई थी। ब्लॉक की ओर से प्रत्येक ग्राम प्रधानों को पानी की जांच के लिए किट मिली हुई है। इसी किट से हैंडपंप से निकले पानी की गुणवत्ता परखी गई। रिपोर्ट का सत्यापन बाद में जल निगम में कराया गया था।
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