फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   Rare of the two departments, Maternity wing useless

दो विभागों की रार, मेटरनिटी विंग बेकार

Sun, 21 May 2017 12:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर Updated Sun, 21 May 2017 12:07 AM IST
विज्ञापन
Rare of the two departments, Maternity wing useless
दो विभागों की रार, मेटरनिटी विंग बेकार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो

विज्ञापन

मातृ-शिशु मृत्यु दर को नियंत्रित करने के लिए जिला अस्पताल में 20 करोड़ की लागत से बनाई गई मेटरनिटी विंग में फायर एनओसी का पेंच फंस गया है। एनओसी का दायरा बड़ा होने के चलते स्थानीय स्तर से एनओसी की फाइल लखनऊ रेफर कर दी गई है। स्वास्थ्य सेवा नहीं मिलने से जच्चा-बच्चा की सेहत पर खतरा बना है।

जिला अस्पताल परिसर में 20 करोड़ रुपये की लागत से मेटरनिटी विंग का निर्माण कराया गया था। कई माह पहले विंग के तैयार हो जाने के बावजूद अब तक इसको शुरू नहीं किया गया है। डीएम डा. रोशन जैकब ने सीएमओ डा. केएन तिवारी को मेटरनिटी विंग शुरू कराने के निर्देश दिए थे।
विज्ञापन


सीएमओ ने विंग की फाइल तलब की तो पता चला कि अग्निशमन विभाग की एनओसी नहीं मल पाई है। 15 दिन पहले एनओसी के लिए आवेदन किया गया था। फायर सर्विस अफसर ने बताया कि बड़ी एनओसी होने के कारण फाइल लखनऊ भेजी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


दो विभागों में खींचतान के चलते विंग का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जिला अस्पताल के सूत्रों की मानें तो मेटरनिटी विंग की एनओसी में पीडब्ल्यूडी ने अड़ंगा डाला था। हालांकि बाद में पीडब्ल्यूडी की ओर से एनओसी जारी कर दी गई।


मेटरनिंग विंग में महिलाओं से संबंधित तमाम रोगों का उपचार और जांच की जाएगी। डिलीवरी से लेकर एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, खून की जांच, यूरिन जांच आदि स्वास्थ्य सेवाएं मुफ्त में उपलब्ध होगी। मेटरनिटी विंग की मुख्य सेवा जच्चा और बच्चा की जांच के जोखिम को टालना है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed