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मंत्री को जूस मंगाया तो किसानों को गुस्सा आया
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Fri, 23 Dec 2016 11:20 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में भूखे किसान सपा के खेलकूद एवं युवा कल्याण राज्य मंत्री रामसकल गुर्जर की सभा छोड़कर चले गए। अफसरों और पुलिस ने किसानों को रोकने का प्रयास किया, मगर किसान नहीं रुके। किसानों ने सभा छोड़ते समय कहा कि किसानों को शाम चार बजे तक लंच पैक नहीं दिया गया और अफसर-नेता मंच पर जूस और चिप्स खाते रहे।
नुमाइश में आयोजित किसान मेले में मंत्री राम सकल गुर्जर को दोपहर 12 बजे पहुंचना था, मगर वह तीन बजे पहुंचे। मंत्री और नेताओं के मंच पर पहुंचने के बाद कर्मचारियों ने उनको चिप्स और जूस आदि परोसना शुरू कर दिया। यह देखकर सभा में बैठे किसान खुद के भूखे होने की चर्चा करने लगे।
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किसान इस उम्मीद में चुप रहे कि कुछ देर में लंच पैक मिलने लगेंगे, मगर ऐसा नहीं हुआ। किसानों का सब्र उस समय जवाब दे बैठा, जब मंत्री राम सकल गुर्जर ने माइक संभाला। मंत्री ने भाषण शुरू ही किया था कि किसान उठ गए और सभा से जाने लगे। अफसरों ने किसानों को रोकना चाहा।
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मगर किसानों ने अनसुना कर दिया। सुरेश, सतपाल, महेश, कुंवर सिंह और हसनैन ने बताया कि सरकारी मुलाजिमों की ओर से कहा गया था दोपहर में लंच दिया जाएगा, मगर चार बजे तक ऐसा नहीं हुआ। इसके बाद महज 10 मिनट के भीतर कार्यक्रम समाप्त कर दिया गया।
‘लैपटॉप को झुनझुना बताते थे विरोधी’
किसान दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में खेलकूद एवं युवा कल्याण राज्य मंत्री राम सकल गुर्जर ने कहा कि विरोधी दल के जो नेता लैपटॉप को झुनझुना बताते थे, वह अब चुप हैं। उन्होंने पूर्व प्रधान मंत्री चौधरी चरण सिंह के बाद मुलायम सिंह यादव को किसानों का नेता बताया। इस दौरान उन्होंने मेधावी स्टूडेंट्स को लैपटॉप, मजदूरों को साइकिल और महिलाओं को समाजवादी पेंशन बांटी।
नुमाइश में आयोजित कार्यक्रम की शुरूआत किसानों के मसीहा चौधरी चरण सिंह के चित्र पर माल्यार्पण करके की गई। आर्य कन्या इंटर कालेज की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया। मुख्य अतिथि प्रभारी मंत्री राम सकल गुर्जर ने कहा कि विरोधी जिस लैपटॉप को झुनझुना बताते थे वह योजना की सफलता के बाद चुप्पी साधे हुए हैं।
च एमएलसी जितेंद्र यादव ने नोटबंदी को गरीबों को परेशान करने वाला फैसला बताया। प्रभारी मंत्री ने अग्रणी किसानों को सम्मानित किया। मेधावी छात्र-छात्राओं को लैपटाप बांटे और मजदूरों को साइकिल वितरित कीं।
एमएलसी जितेंद्र यादव, डीएम आंजनेय कुमार सिंह, एसएसपी सोनिया सिंह, सीडीओ जसजीत कौर, जिलाध्यक्ष दिनेश गुर्जर, अब्दुल रब, मुस्तकीम, प्रेमवीर यादव अमीरुददीन, कासिम प्रधान, माजिद गाजी, प्रमोद मौजूद रहे। प्रभारी मंत्री ने डीएम और एसएसपी की मौजूदगी में स्टॉलों का निरीक्षण किया।
प्रभारी मंत्री ने अधूरी मेटरनिटी विंग का किया उद्घाटन
जिला अस्पताल में करीब 19 करोड़ की लागत से बन रही मेटरनिटी विंग का शुक्रवार को उद्घाटन खेलकूद एवं युवा कल्याण मंत्री रामसकल गुर्जर ने किया। बता दें कि जिला अस्पताल में मेटरनिटी विंग के भवन का निर्माण अभी अधूरा है। शासन का जिला व अस्पताल प्रशासन को आदेश प्राप्त हुआ कि मेटरनिटी विंग का उद्घाटन करवा दिया जाए।
प्रभारी मंत्री रामसकल गुर्जर ने शुक्रवार को इसका उद्घाटन कर दिया। अधूरी मेटरनिटी विंग के उद्घाटन पर सीएमओ डॉ. दीपक ओहरी, सीएमएस डॉ. टीकम सिंह सहित कई प्रशासनिक और प्रशासनिक अफसर मौजूद रहे।
इनकी सुनिए
अफसरों को मेरे आने से पहले किसानों को लंच करा देना चाहिए था। भूख का समय हो गया था और किसान दूर दूर से आए थे। समय का भी अफसरों को ख्याल रखना था। - राम सकल गुर्जर,
खेलकूद एवं युवा कल्याण मंत्री
कृषि विभाग के अफसरों को नोटिस भेजकर जवाब मांगा जाएगा। जब इतनी देर से किसान बैठे तो उनके लिए लंच की व्यवस्था क्यों नहीं की गई? दोषी अफसरोें पर कार्रवाई की जाएगी। - आंजनेय कुमार सिंह, डीएम, बुलंदशहर
देर से पहुंचे मंत्री नहीं दे सके जवाब
कार्यक्रम में तीन घंटा देरी से पहुंचे मंत्री मीडिया के सवालों का जवाब भी नहीं दे पाए। किसानों के मुआवजे में कटौती का सवाल भी मंत्रीजी घूमा गए। वर्ष 2014 में ओलावृष्टि और बारिश से जिले में गेहूं की फसल बर्बाद हो गई थी। मुआवजे के तौर पर केंद्र और राज्य सरकार से 200-200 करोड़ रुपये की मंाग की थी।
89 करोड़ रुपये 14 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से बांटे गए लेकिन हाल ही में 36 करोड़ रुपये 2200 रुपये हेक्टेयर के हिसाब से जारी किए गए।