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3.86 लाख किसानों को अब करवाना होगा ई-केवाईसी
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3.86 लाख किसानों को अब करवाना होगा ई-केवाईसी
बुलंदशहर। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ लेने के लिए 3.86 लाख किसानों को अब बायोमीट्रिक प्रमाणीकरण यानि ई-केवाईसी की प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा। इसके लिए जिले में तैयारियां शुरू हो गई हैं। 11वीं किस्त पाने के लिए जिले के तीन लाख से अधिक किसानों को जनसेवा केंद्र से ई-केवाईसी करना होगा।
दरअसल शासन ने निर्देश दिया है कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का सुचारू रूप से लाभ पाने के लिए अब किसानों को ई-केवाईसी कराना होगा। 11वीं किस्त खाते में जाने से पहले यदि जो किसान ई-केवाईसी नहीं कराएंगे। उनका नाम पात्रता सूची से हटा दिया जाएगा, जिससे उन्हें योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। किसानों को आर्थिक मुश्किलों से राहत दिलाने के लिए सरकार की ओर से किसान सम्मान निधि योजना का संचालन किया जा रहा है। योजना के तहत किसानों को प्रति वर्ष छह हजार रुपये खाते में भेजे जाते हैं। यह राशि दो-दो हजार रुपये की तीन किस्तों में दी जाती है। योजना का लाभ जिले के 3.86 लाख किसानों को मिल रहा है। कुछ दिनों से अपात्रों की ओर से योजना का लाभ लिए जाने की शिकायत सामने आ रही थीं। इसमें भूमिहीन के अलावा सरकारी नौकरी करने वाले भी योजना का लाभ उठा रहे थे। इसे गंभीरता से लेते हुए शासन ने अब किसानों को ई-केवाईसी कराने का निर्देश दिया है।
शासन का आदेश है कि अब सम्मान निधि की 11वीं किस्त पाने से पहले अपना ई-केवाईसी करवाना जरूरी होगा। इसके लिए विभाग ने तैयारी कर ली है। साथ ही किसान भी जनसेवा केंद्र पर जाकर इस कार्य को पूरा करवा लें, ताकि वह सम्मान निधि की किस्त से वंचित न रह जाएं। - शिव कुमार, उप कृषि निदेशक
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बुलंदशहर। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ लेने के लिए 3.86 लाख किसानों को अब बायोमीट्रिक प्रमाणीकरण यानि ई-केवाईसी की प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा। इसके लिए जिले में तैयारियां शुरू हो गई हैं। 11वीं किस्त पाने के लिए जिले के तीन लाख से अधिक किसानों को जनसेवा केंद्र से ई-केवाईसी करना होगा।
दरअसल शासन ने निर्देश दिया है कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का सुचारू रूप से लाभ पाने के लिए अब किसानों को ई-केवाईसी कराना होगा। 11वीं किस्त खाते में जाने से पहले यदि जो किसान ई-केवाईसी नहीं कराएंगे। उनका नाम पात्रता सूची से हटा दिया जाएगा, जिससे उन्हें योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। किसानों को आर्थिक मुश्किलों से राहत दिलाने के लिए सरकार की ओर से किसान सम्मान निधि योजना का संचालन किया जा रहा है। योजना के तहत किसानों को प्रति वर्ष छह हजार रुपये खाते में भेजे जाते हैं। यह राशि दो-दो हजार रुपये की तीन किस्तों में दी जाती है। योजना का लाभ जिले के 3.86 लाख किसानों को मिल रहा है। कुछ दिनों से अपात्रों की ओर से योजना का लाभ लिए जाने की शिकायत सामने आ रही थीं। इसमें भूमिहीन के अलावा सरकारी नौकरी करने वाले भी योजना का लाभ उठा रहे थे। इसे गंभीरता से लेते हुए शासन ने अब किसानों को ई-केवाईसी कराने का निर्देश दिया है।
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शासन का आदेश है कि अब सम्मान निधि की 11वीं किस्त पाने से पहले अपना ई-केवाईसी करवाना जरूरी होगा। इसके लिए विभाग ने तैयारी कर ली है। साथ ही किसान भी जनसेवा केंद्र पर जाकर इस कार्य को पूरा करवा लें, ताकि वह सम्मान निधि की किस्त से वंचित न रह जाएं। - शिव कुमार, उप कृषि निदेशक
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