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अजय हत्याकांड : डीएनए जांच के लिए भेजे गए सैंपल
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अजय हत्याकांड : डीएनए जांच के लिए भेजे गए सैंपल
शिकारपुर। थाना क्षेत्र के मोहल्ला शिवलोक कॉलोनी निवासी अजय के शव का अभी तक पता नहीं लग सका है। वहीं, अब पुलिस ने बीते दिनों पकड़े गए हत्यारोपियों से बरामद आलाकत्ल पर लगे खून के धब्बों और काली नदी के निकट मिले खून को डीएनए जांच के लिए भेजा है, जिसका मिलान अजय के माता-पिता के सैंपल लेकर कराया जाएगा। जिससे यह साबित हो सकेगा कि ब्लेड पर लगा खून और काली नदी के पास मिले खून के धब्बे अजय के ही हैं।
29 नवंबर को शिकारपुर नगर की नई आबादी मोहल्ला शिवलोक कॉलोनी निवासी प्रमोद कुमार शर्मा का पुत्र अजय लापता हो गया था, जिसके बाद उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। एक दिसंबर को परिजनों ने एसएसपी कार्यालय पहुंचकर हंगामा किया था। परिजनों के अनुसार, 29 नवंबर की दोपहर एक बजे शिवलोक कॉलोनी निवासी गोल्डी समेत 7 लोगों पर शादी की पार्टी देने के बहाने अजय को बुलाकर ले जाने का आरोप लगाया था, जिसके बाद पुलिस ने गोल्डी के अलावा तैयबपुर निवासी लोकेश उर्फ भाटी, खुर्जा बस अड्डा निवासी शिवम, हाथरस निवासी सागर ठाकुर तथा फरीदाबाद निवासी सागर ठाकुर, तैय्यबपुर निवासी सुमित और होटल स्वामी हनी शर्मा के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने गोल्डी, शिवम, सुमित व हनी को गिरफ्तार कर अजय की हत्या का खुलासा किया था। पुलिस ने अजय की हत्या में प्रयुक्त आरी का ब्लेड, अजय के कुछ अधजले कपड़े व अधजला आधार कार्ड भी बरामद किया था। आरोपियों द्वारा हत्या के बाद शव को काली नदी में फेंकने की बात कही गई थी। पुलिस द्वारा लगातार सात दिन तक अभियान चलाने के बाद अजय का शव बरामद नहीं हो सका है। ऐसे में अजय की मौत की पुष्टि के लिये बरामद ब्लेड व अधजले कपड़ों पर लगे खून के निशानों का डीएनए कराया जाएगा। एसएचओ ऋषिपाल शर्मा ने बताया कि डीएनए जांच के लिये अजय के माता-पिता का खून का नमूना विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया है।
कोट =
डीएनए रिपोर्ट के बाद साफ होगा मामला
खून के धब्बों को डीएनए सैंपल के लिए भेजा गया है। साथ ही अजय के माता-पिता का भी सैंपल लिया गया है, जिसकी जांच कराने के बाद पुष्टि हो सकेगी।
- बजरंग बली चौरसिया, एसपी देहात
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शिकारपुर। थाना क्षेत्र के मोहल्ला शिवलोक कॉलोनी निवासी अजय के शव का अभी तक पता नहीं लग सका है। वहीं, अब पुलिस ने बीते दिनों पकड़े गए हत्यारोपियों से बरामद आलाकत्ल पर लगे खून के धब्बों और काली नदी के निकट मिले खून को डीएनए जांच के लिए भेजा है, जिसका मिलान अजय के माता-पिता के सैंपल लेकर कराया जाएगा। जिससे यह साबित हो सकेगा कि ब्लेड पर लगा खून और काली नदी के पास मिले खून के धब्बे अजय के ही हैं।
29 नवंबर को शिकारपुर नगर की नई आबादी मोहल्ला शिवलोक कॉलोनी निवासी प्रमोद कुमार शर्मा का पुत्र अजय लापता हो गया था, जिसके बाद उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी। एक दिसंबर को परिजनों ने एसएसपी कार्यालय पहुंचकर हंगामा किया था। परिजनों के अनुसार, 29 नवंबर की दोपहर एक बजे शिवलोक कॉलोनी निवासी गोल्डी समेत 7 लोगों पर शादी की पार्टी देने के बहाने अजय को बुलाकर ले जाने का आरोप लगाया था, जिसके बाद पुलिस ने गोल्डी के अलावा तैयबपुर निवासी लोकेश उर्फ भाटी, खुर्जा बस अड्डा निवासी शिवम, हाथरस निवासी सागर ठाकुर तथा फरीदाबाद निवासी सागर ठाकुर, तैय्यबपुर निवासी सुमित और होटल स्वामी हनी शर्मा के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने गोल्डी, शिवम, सुमित व हनी को गिरफ्तार कर अजय की हत्या का खुलासा किया था। पुलिस ने अजय की हत्या में प्रयुक्त आरी का ब्लेड, अजय के कुछ अधजले कपड़े व अधजला आधार कार्ड भी बरामद किया था। आरोपियों द्वारा हत्या के बाद शव को काली नदी में फेंकने की बात कही गई थी। पुलिस द्वारा लगातार सात दिन तक अभियान चलाने के बाद अजय का शव बरामद नहीं हो सका है। ऐसे में अजय की मौत की पुष्टि के लिये बरामद ब्लेड व अधजले कपड़ों पर लगे खून के निशानों का डीएनए कराया जाएगा। एसएचओ ऋषिपाल शर्मा ने बताया कि डीएनए जांच के लिये अजय के माता-पिता का खून का नमूना विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया है।
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डीएनए रिपोर्ट के बाद साफ होगा मामला
खून के धब्बों को डीएनए सैंपल के लिए भेजा गया है। साथ ही अजय के माता-पिता का भी सैंपल लिया गया है, जिसकी जांच कराने के बाद पुष्टि हो सकेगी।
- बजरंग बली चौरसिया, एसपी देहात