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जनपद में खुलेंगे आदर्श गन्ना क्रय केंद्र, तैयारी शुरू
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जिले में खुलेंगे आदर्श गन्ना क्रय केंद्र, तैयारी शुरू
बुलंदशहर। जनपद के गन्ना उत्पादक किसानों के लिए एक अच्छी खबर है। अब वह अपना गन्ना की तौल किसी भी समय भी कर सकेंगे। उन्हें लाइन में लगने से भी छुटकारा मिलेगा। यहां किसानों को कई तरह की सुविधाएं भी मिलेंगी। शासन ने किसानों की परेशानी को दूर करने के लिए आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खोलने को हरी झंडी दे दी है। इसकी विभाग की ओर से तैयारी शुरू हो गई है।
बुलंदशहर प्रदेश का कृषि प्रधान जिला है। यहां पर इस समय 64 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि में गन्ने की पैदावार होती है। गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या लगभग 1.18 लाख है। इन किसानों का गन्ने की खरीद जनपद की अनूपशहर, अनामिका, साबितगढ़ और वेब शुगर मिल करती हैं। इसके अलावा गैर जनपदों की चार चीनी मिलें भी जनपद के किसानों का गन्ना खरीदती हैं। इनमें हापुड़ की सिंभावली व ब्रजनाथपुर, अमरोहा की चांदपुर और संभल की रजपुरा चीनी मिल शामिल हैं। इन आठों मिलों की ओर से जनपद में 260 से अधिक गन्ना क्रय केंद्र स्थापित किए जाते हैं। साथ ही नियमानुसार किसान को मिल में बने तौल केंद्र पर भी गन्ना पहुंचाने की सहूलियत दी जाती है। लेकिन जिस समय मिल चल जाती हैं और गन्ना क्रय केंद्र संचालित हो जाते हैं। उस समय किसानों को कई तरह की परेशानियों का भी सामना करना पड़ता है। गन्ना तौलने के लिए उन्हें घंटों लाइन में लगना पड़ता है। मिल पर गन्ना ले जाने पर भी काफी समय लग जाता है। इस दौरान उन्हें भोजन आदि मिलने के लिए भी भटकना पड़ता है। इन सभी परेशानियों को देखते हुए शासन ने जनपद में आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खोलने के लिए हरी झंडी दे दी है। इस संबंध में विभाग को आदेश मिलने पर अफसरों ने तैयारियां शुरू कर दी है । अफसरों का दावा है कि चीनी मिलों में गन्ना पेराई सत्र शुरू होने से पहले आदर्श गन्ना क्रय केंद्र बनाकर संचालित करवा दिए जाएंगे।
ये सुविधाएं होंगी आदर्श गन्ना क्रय केंद्रों पर
गन्ना किसानों की समस्याओं को दूर करने के लिए जनपद में खुलने वाले आदर्श गन्ना क्रय केंद्रों पर कई तरह की सुविधाएं मिलेंगी। क्रय केंद्र पर एक तो आधुनिक इलेक्ट्रानिक कांटा होगा, जिस पर किसान से निर्धारित मात्रा से अधिक गन्ना नहीं लिया जा सकेगा। यह क्रय केंद्र 24 घंटे संचालित रहेंगे। रात्रि में प्रकाश आदि के लिए जनरेटर और लाइट की भी सुविधा होगी। किसानों के बैठने के साथ पानी आदि जरूरी सुविधाएं भी मुहैया करवाई जाएंगी। गन्ना तौल के लिए हर समय तौल करने वाले अफसर और कर्मचारी भी मौजूद रहेंगे। यदि किसान को कोई परेशानी होती है या फिर तौल नहीं हो रही तो इसके लिए वहां पर विभागीय अफसरों को शिकायत करने के लिए उनके फोन नंबर भी अंकित किए जाएंगे।
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आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खुलने पर गन्ना किसानों की कई तरह की परेशानियां दूर हो जाएगी। इसके लिए शासन और विभाग से आदेश मिलने पर तैयारी शुरू हो गई है। आदर्श गन्ना क्रय केंद्र संचालित करने पर गहन विचार-विमर्श चल रहा है। इस कार्य में चीनी मिल प्रबंधन से भी संपर्क किया जा रहा है। जल्द ही जनपद में आदर्श गन्ना क्रय खोलकर उसकी जानकारी शासन और विभाग को भेज दी जाएगी। - डीके सैनी, जिला गन्ना अधिकारी
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बुलंदशहर। जनपद के गन्ना उत्पादक किसानों के लिए एक अच्छी खबर है। अब वह अपना गन्ना की तौल किसी भी समय भी कर सकेंगे। उन्हें लाइन में लगने से भी छुटकारा मिलेगा। यहां किसानों को कई तरह की सुविधाएं भी मिलेंगी। शासन ने किसानों की परेशानी को दूर करने के लिए आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खोलने को हरी झंडी दे दी है। इसकी विभाग की ओर से तैयारी शुरू हो गई है।
बुलंदशहर प्रदेश का कृषि प्रधान जिला है। यहां पर इस समय 64 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि में गन्ने की पैदावार होती है। गन्ना उत्पादक किसानों की संख्या लगभग 1.18 लाख है। इन किसानों का गन्ने की खरीद जनपद की अनूपशहर, अनामिका, साबितगढ़ और वेब शुगर मिल करती हैं। इसके अलावा गैर जनपदों की चार चीनी मिलें भी जनपद के किसानों का गन्ना खरीदती हैं। इनमें हापुड़ की सिंभावली व ब्रजनाथपुर, अमरोहा की चांदपुर और संभल की रजपुरा चीनी मिल शामिल हैं। इन आठों मिलों की ओर से जनपद में 260 से अधिक गन्ना क्रय केंद्र स्थापित किए जाते हैं। साथ ही नियमानुसार किसान को मिल में बने तौल केंद्र पर भी गन्ना पहुंचाने की सहूलियत दी जाती है। लेकिन जिस समय मिल चल जाती हैं और गन्ना क्रय केंद्र संचालित हो जाते हैं। उस समय किसानों को कई तरह की परेशानियों का भी सामना करना पड़ता है। गन्ना तौलने के लिए उन्हें घंटों लाइन में लगना पड़ता है। मिल पर गन्ना ले जाने पर भी काफी समय लग जाता है। इस दौरान उन्हें भोजन आदि मिलने के लिए भी भटकना पड़ता है। इन सभी परेशानियों को देखते हुए शासन ने जनपद में आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खोलने के लिए हरी झंडी दे दी है। इस संबंध में विभाग को आदेश मिलने पर अफसरों ने तैयारियां शुरू कर दी है । अफसरों का दावा है कि चीनी मिलों में गन्ना पेराई सत्र शुरू होने से पहले आदर्श गन्ना क्रय केंद्र बनाकर संचालित करवा दिए जाएंगे।
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ये सुविधाएं होंगी आदर्श गन्ना क्रय केंद्रों पर
गन्ना किसानों की समस्याओं को दूर करने के लिए जनपद में खुलने वाले आदर्श गन्ना क्रय केंद्रों पर कई तरह की सुविधाएं मिलेंगी। क्रय केंद्र पर एक तो आधुनिक इलेक्ट्रानिक कांटा होगा, जिस पर किसान से निर्धारित मात्रा से अधिक गन्ना नहीं लिया जा सकेगा। यह क्रय केंद्र 24 घंटे संचालित रहेंगे। रात्रि में प्रकाश आदि के लिए जनरेटर और लाइट की भी सुविधा होगी। किसानों के बैठने के साथ पानी आदि जरूरी सुविधाएं भी मुहैया करवाई जाएंगी। गन्ना तौल के लिए हर समय तौल करने वाले अफसर और कर्मचारी भी मौजूद रहेंगे। यदि किसान को कोई परेशानी होती है या फिर तौल नहीं हो रही तो इसके लिए वहां पर विभागीय अफसरों को शिकायत करने के लिए उनके फोन नंबर भी अंकित किए जाएंगे।
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आदर्श गन्ना क्रय केंद्र खुलने पर गन्ना किसानों की कई तरह की परेशानियां दूर हो जाएगी। इसके लिए शासन और विभाग से आदेश मिलने पर तैयारी शुरू हो गई है। आदर्श गन्ना क्रय केंद्र संचालित करने पर गहन विचार-विमर्श चल रहा है। इस कार्य में चीनी मिल प्रबंधन से भी संपर्क किया जा रहा है। जल्द ही जनपद में आदर्श गन्ना क्रय खोलकर उसकी जानकारी शासन और विभाग को भेज दी जाएगी। - डीके सैनी, जिला गन्ना अधिकारी