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Budaun News: बारिश में गिरी झोंपड़ी की कच्ची दीवार, दबकर किसान की मौत
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कादरचौक थाना क्षेत्र के गांव भूड़ा में गिरी झोंपड़ी, मलबे से दबी बाइक। संवाद
कादरचौक (बदायूं)। गांव भूड़ा में बारिश के दौरान मंगलवार सुबह झोंपड़ी की कच्ची दीवार गिरने से उसके मलबे मेें दबकर किसान अनोखेलाल (65) की मौत हो गई। सूचना पर राजस्व विभाग की टीम पहुंच गई। परिवार वालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया है।
ग्राम भूड़ा निवासी अनोखेलाल खेतीबाड़ी करते थे। उनके तीन बेटे और तीन बेटियां हैं। इनमें एक बेटा और एक बेटी की शादी नहीं हुई है। उनका पूरा परिवार झोंपड़ीनुमा कच्चे मकान में रहता है। सोमवार की रात अनोखेलाल झोंपड़ी में अपने बेटे धर्मेंद्र, शिशुपाल और सत्यभान के साथ अलग-अलग चारपाइयों पर सो रहे थे।
मंगलवार सुबह पांच बजे हल्की-हल्की बारिश हो रही थी। तभी अचानक झोंपड़ी की कच्ची दीवार भरभराकर गिर गई। इसका मलबे अनोखेलाल के ऊपर आ गिरा। हालांकि उनके बेटे बाल-बाल बच गए। दीवार गिरने के बाद शोर-शराबा होने पर मोहल्ले के लोग आ गए और मलबा से अनोखेलाल को बाहर निकाला, लेकिन तब तक वह दम तोड़ चुके थे।
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बताते हैं कि झोंपड़ी के नजदीक ही उनकी बाइक खड़ी थी। वह भी मलबे में दब गई। सूचना पर राजस्व विभाग की टीम और थाना पुलिस पहुंची। परिवार वालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। शाम को अंतिम संस्कार कर दिया।
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ग्राम भूड़ा निवासी अनोखेलाल खेतीबाड़ी करते थे। उनके तीन बेटे और तीन बेटियां हैं। इनमें एक बेटा और एक बेटी की शादी नहीं हुई है। उनका पूरा परिवार झोंपड़ीनुमा कच्चे मकान में रहता है। सोमवार की रात अनोखेलाल झोंपड़ी में अपने बेटे धर्मेंद्र, शिशुपाल और सत्यभान के साथ अलग-अलग चारपाइयों पर सो रहे थे।
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मंगलवार सुबह पांच बजे हल्की-हल्की बारिश हो रही थी। तभी अचानक झोंपड़ी की कच्ची दीवार भरभराकर गिर गई। इसका मलबे अनोखेलाल के ऊपर आ गिरा। हालांकि उनके बेटे बाल-बाल बच गए। दीवार गिरने के बाद शोर-शराबा होने पर मोहल्ले के लोग आ गए और मलबा से अनोखेलाल को बाहर निकाला, लेकिन तब तक वह दम तोड़ चुके थे।
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बताते हैं कि झोंपड़ी के नजदीक ही उनकी बाइक खड़ी थी। वह भी मलबे में दब गई। सूचना पर राजस्व विभाग की टीम और थाना पुलिस पहुंची। परिवार वालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। शाम को अंतिम संस्कार कर दिया।