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Budaun News: कछला पीएचसी को सीएचसी बनाने की कवायद नहीं चढ़ पा रही परवान

Fri, 14 Jul 2023 12:58 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 14 Jul 2023 12:58 AM IST
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The exercise of making Kachla PHC a CHC is not being successful
कछला का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र।
- ग्रामीणों को इलाज के लिए जाना पड़ता है बाहर, पत्राचार किया पर कोई नतीजा नहीं निकला
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संवाद न्यूज एजेंसी
उझानी (बदायूं)। कछला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पर स्वास्थ्य सेवाओं में उच्चीकरण और अस्पताल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का दर्जा दिलाने की कवायद परवान नहीं चढ़ पा रही है। अधीक्षक डॉ. महेश प्रताप सिंह ने इसे लेकर विभागीय अफसरों के अलावा लखनऊ के हुक्मरानों तक पत्राचार भी किया, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। ऐसे में सावन के महीने में इसका कोई लाभ लोगों को नहीं मिल रहा।
कछला पीएचसी पर प्रसव के अलावा ओपीडी में मरीजों को इलाज की सुविधा है। इसके लिए अधीक्षक के अलावा फार्मेसिस्ट, दो महिला नर्सिंग स्टाफ तैनात है, लेकिन दुर्घटना होने या फिर गंभीर बीमारियों से दिक्कत होने पर लोगों को उझानी, जिला अस्पताल या राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर किए जाने के अलावा स्वास्थ्य कर्मियों के पास कोई दूसरा विकल्प नहीं होता।
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यहां प्रसव कराने के लिए महिला डॉक्टर भी नहीं है। महिला नर्सिंग स्टाफ ही नार्मल डिलीवरी करवा देता है। गंगाघाट पर कोई हादसा हो जाए या फिर बाढ़ के दिनों में गंगा किनारे बसे गांवों के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए निजी अस्पतालों में भर्ती होना पड़ता है।
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इसी के मद्देनजर कछला अस्पताल के अधीक्षक डॉ. महेश प्रताप सिंह ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के रूप में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को उच्चीकृत करने के लिए तीन महीने पहले पत्राचार शुरू किया। सीएमओ, एडी हेल्थ को भी पत्र भेजे थे। लखनऊ स्थित स्वास्थ्य महानिदेशालय को भी पत्र भेजा जा चुका है।
अधीक्षक सिंह ने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बने बिना स्वास्थ्य सेवाओं में विस्तार और विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती नहीं हो सकती। बता दें कि कछला घाट पर हर महीने पूर्णिमा या फिर विशेष स्नान पर्व के अलावा सावन में कांवड़ियों की भीड़ रहती है। इसके अलावा पीएचसी से कछला के लोगों के अलावा कटरी के दो दर्जन गांव भी जुड़े हैं। यही नहीं विभाग को घाट पर अस्थायी अस्पताल बनाकर उझानी से स्वास्थ्य कर्मियों को भेजना पड़ता है।
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कछला में स्वीकृत हो चुका है थाना, धन अवमुक्त होने का इंतजार
कछला गंगाघाट के पास पुलिस चौकी है। बरेली-हाईवे और कटरी के गांवों के जुड़ा होने की वजह से थाना बनाने की मांग ने जोर पकड़ा तो जिला स्तर से पत्रावली स्वीकृत कर शासन को भेज दी गई। पुलिस हेड क्वाटर से मंजूरी मिल चुकी है। थाना निर्माण दहेमू गांव के पास होना है। प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि शासन स्तर से धनराशि अवमुक्त होते ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।

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कछला में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए वहां के अधीक्षक की ओर से पत्राचार किया गया है। कछला का प्राथमिक केंद्र उझानी से जुड़ा है, इसलिए जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त स्टाफ भी भेज दिया जाता है।
- राजकुमार गंगवार, चिकित्साधीक्षक, उझानी
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