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Budaun News: शिक्षक और अभिभावक बनाएंगे रणनीति, सरकारी स्कूलों में बढ़ेगी बच्चों की संख्या
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बदायूं। सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या कम है। छात्र-छात्राओं की संख्या बढ़ाने के लिए बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से शिक्षाधिकारी को निर्देशित किया गया है। इसके तहत शिक्षक और अभिभावक मिलकर रणनीति तैयार करें। स्कूलों में छात्र-छात्राओं की संख्या में इजाफा किया जाय।
परिषद के निर्देशानुसार प्रत्येक विद्यालय में सितंबर माह के पहले सप्ताह में शिक्षक-अभिभावक बैठक कराई जाएगी। इस बैठक में यह तय किया जाए कि किस प्रकार आसपास के बच्चों का सरकारी स्कूलों में नामांकन कराया जाए। उन्हें बेहतर शैक्षिक माहौल दिया जाए। बैठक में अभिभावक अपनी राय रख सकेंगे कि किन कारणों से बच्चे निजी स्कूलों में जा रहे हैं। किस प्रकार उन्हें वापस सरकारी विद्यालयों की ओर आकर्षित किया जा सकता है। स्कूलों में बैठक वास्तव में आयोजित हुई है या नहीं। इसके लिए बैठक की फोटो भेजनी अनिवार्य हैं। इससे उच्च अधिकारियों को भी जानकारी रहेगी कि शिक्षक-अभिभावक मिलकर इस योजना पर काम कर रहे हैं।
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प्रयासों से बढ़ेगा भरोसा
- इस पहल का मुख्य उद्देश्य अभिभावकों का भरोसा जीतना है। यदि शिक्षक और अभिभावक मिलकर काम करेंगे तो न केवल नामांकन बढ़ेगा, बल्कि विद्यालयों की छवि भी बेहतर होगी। इससे सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की संख्या में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा। - वीरेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी
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परिषद के निर्देशानुसार प्रत्येक विद्यालय में सितंबर माह के पहले सप्ताह में शिक्षक-अभिभावक बैठक कराई जाएगी। इस बैठक में यह तय किया जाए कि किस प्रकार आसपास के बच्चों का सरकारी स्कूलों में नामांकन कराया जाए। उन्हें बेहतर शैक्षिक माहौल दिया जाए। बैठक में अभिभावक अपनी राय रख सकेंगे कि किन कारणों से बच्चे निजी स्कूलों में जा रहे हैं। किस प्रकार उन्हें वापस सरकारी विद्यालयों की ओर आकर्षित किया जा सकता है। स्कूलों में बैठक वास्तव में आयोजित हुई है या नहीं। इसके लिए बैठक की फोटो भेजनी अनिवार्य हैं। इससे उच्च अधिकारियों को भी जानकारी रहेगी कि शिक्षक-अभिभावक मिलकर इस योजना पर काम कर रहे हैं।
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प्रयासों से बढ़ेगा भरोसा
- इस पहल का मुख्य उद्देश्य अभिभावकों का भरोसा जीतना है। यदि शिक्षक और अभिभावक मिलकर काम करेंगे तो न केवल नामांकन बढ़ेगा, बल्कि विद्यालयों की छवि भी बेहतर होगी। इससे सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की संख्या में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेगा। - वीरेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी
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