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Budaun News: शिव ध्वजारोहण के साथ निकाली प्रभातफेरी
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उघैती में ब्रह्मा कुमारी शिव की झांकी के साथ प्रभात फेरी निकालती हुईं। संवाद
उघैती। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के उघैती सेवा केंद्र पर रविवार को शिव ध्वजारोहण कार्यक्रम के साथ ही प्रभातफेरी निकाली गई।
वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका ब्रह्माकुमारी करुणा दीदी ने शिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि जब संसार में अज्ञान का घोर अंधकार छा जाता है। मनुष्य की आत्माएं काम, क्रोध, लोभ, अहंकार आदि विकारों के वशीभूत होकर भटकने लगती हैं, तब शिव उन्हें सहज राजयोग का ज्ञान देकर देवता तुल्य बनाते हैं।
उन्होंने कहा कि व्रत का अर्थ है प्रतिज्ञा, हम अपने जीवन में पवित्र बनने की प्रतिज्ञा लें। अपने अंदर छुपे काम, क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार रूपी विकार को बैर ( दुश्मन) को शिव को अर्पित कर देना चाहिए। भांग और धतूरे जैसे नशीले पदार्थों को शिव पर अर्पण करने का अर्थ है अपने जीवन में विषैले संस्कारों और कांटे से चुभने वाली बातों व आदतों आदि को शिव को समर्पित कर दें।
इससे पूर्व प्रभातफेरी निकाली गई। ब्रह्माकुमारी से जुड़े भाई-बहनों के घरों पर शिव ध्वज फहराया गया। जनमानस में शिव संदेशों का वितरण कर उन्हें सहज राजयोग का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में बीके ऊषा दीदी, बीके कुसुम, बीके ललिता, बीके देव, बीके मुन्नालाल शाक्य, ग्राम प्रधान बाबू ठाकुर, हरी बाबू आदि उपस्थित रहे। संवाद
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वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका ब्रह्माकुमारी करुणा दीदी ने शिवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि जब संसार में अज्ञान का घोर अंधकार छा जाता है। मनुष्य की आत्माएं काम, क्रोध, लोभ, अहंकार आदि विकारों के वशीभूत होकर भटकने लगती हैं, तब शिव उन्हें सहज राजयोग का ज्ञान देकर देवता तुल्य बनाते हैं।
उन्होंने कहा कि व्रत का अर्थ है प्रतिज्ञा, हम अपने जीवन में पवित्र बनने की प्रतिज्ञा लें। अपने अंदर छुपे काम, क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार रूपी विकार को बैर ( दुश्मन) को शिव को अर्पित कर देना चाहिए। भांग और धतूरे जैसे नशीले पदार्थों को शिव पर अर्पण करने का अर्थ है अपने जीवन में विषैले संस्कारों और कांटे से चुभने वाली बातों व आदतों आदि को शिव को समर्पित कर दें।
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इससे पूर्व प्रभातफेरी निकाली गई। ब्रह्माकुमारी से जुड़े भाई-बहनों के घरों पर शिव ध्वज फहराया गया। जनमानस में शिव संदेशों का वितरण कर उन्हें सहज राजयोग का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में बीके ऊषा दीदी, बीके कुसुम, बीके ललिता, बीके देव, बीके मुन्नालाल शाक्य, ग्राम प्रधान बाबू ठाकुर, हरी बाबू आदि उपस्थित रहे। संवाद
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